कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने आज राजभवन में बसवराज बोम्मई को प्रदेश के नये मुख्यमंत्री के रूप में पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। उन्होंने पार्टी के वरिष्ठ नेता बी एस येदियुरप्पा का स्थान लिया है। बी एस येदियुरप्पा ने मुख्यमंत्री के रूप में दो वर्ष का कार्यकाल पूरा होने के बाद 26 जुलाई को इस्तीफा दे दिया था। बसवराज बोम्मई को कल पार्टी के केन्द्रीय पर्यवेक्षक, केन्द्रीय मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान और किशन रेड्डी की मौजूदगी में भारतीय जनता पार्टी विधायक दल का नेता चुना गया था।
मुख्यमंत्री का पदभार संभालने के बाद उन्होंने राज्य में बाढ और कोविड की स्थिति पर विचार करने के लिए अधिकारियों की बैठक बुलाई है। हमारे बेंगलूरू संवाददाता ने खबर दी है कि नये मुख्यमंत्री, मंत्रिपरिषद में शामिल किए जाने वाले विधायकों के नामों पर विचार के लिए पार्टी नेताओं की बैठक बुला सकते हैं।
मुख्यमंत्री बनने के बाद बसवराज बोम्मई ने पत्रकारों को कहा कि उनके आगे कई सामाजिक आर्थिक सवाल हैं, जिन्हें तुरंत निपटाना जरूरी है। उन्होंने बारिश से उठी समस्या और कोविड का जिक्र भी किया। मंत्रिमंडल का विस्तार एक-दो दिनों में होने का संकेत उन्होंने दिया है। उन्होंने कहा है कि पार्टी में सभी को साथ लेकर चलना उनकी कोशिश रहेगी। आज शपथ ग्रहण समारोह में केन्द्र सचिव धर्मेन्द्र प्रधान, बीजेपी कर्नाटक इंचार्ज अरुण सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री बी.एस. येदियुरप्पा, पार्टी के राष्ट्रीय जनरल सेक्रेट्री सी.टी. रवि और बीजेपी विधायक मौजूद थे।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बसवराज बोम्मई को कर्नाटक के नये मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने पर बधाई दी है। ट्वीट संदेश में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि बसवराज बोम्मई को विधायी कामकाज और प्रशासन का काफी अनुभव है। प्रधानमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया है कि वे राज्य में भाजपा सरकार द्वारा किए गए उल्लेखनीय कार्यों को आगे बढाएंगे।