विदेश मंत्री सुब्रमण्यम जयशंकर ने आज कहा कि किसी को भी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से हमारे जवानों की आलोचना नहीं करनी चाहिए। सेना के जवान देश की रक्षा के लिए समुद्र से 30 हजार फीट की ऊंचाई पर अपना कर्त्तव्य निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जवानों का आदर और सम्मान होना चाहिए। विदेश मंत्री समुद्री दस्युता रोधी विधेयक 2019 पर चर्चा का जवाब दे रहे थे। चीन के मुद्दे पर विपक्ष की आलोचना को खारिज करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार पर चीन के प्रति उदासीन रवैये का विपक्ष का आरोप सही नहीं है। अगर ऐसा है तो सरकार किसी भी तरह की स्थिति से निपटने के लिए सेना को सीमाओं पर क्यों भेजती। विधेयक पर चर्चा के दौरान कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अधीर रंजन चौधरी ने आरोप लगाया था कि चीन पूर्ण युद्धकालीन कूटनीति अपना रहा है। दक्षिण चीन सागर और हिंद महासागर में चीन अपना दबदबा कायम करना चाहता है लेकिन सरकार कुछ नहीं कर रही है।
किसी को भी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से हमारे जवानों की आलोचना नहीं करनी चाहिए: विदेश मंत्री