वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज कहा है कि जी-20 समान कार्य प्रारूप को ज्यादा से ज्यादा प्रभावशाली बनाने की जरूरत है। इंडोनेशिया के बाली में आयोजित अंतर्राष्टीय वित्तीय संरचना के तीसरे सत्र को संबोधित करते हुए उन्होंने यह बात कही। जी-20 देशों के वित्त मंत्रियों और केंद्रीय बैंकों के गवर्नरों की इस तीसरी बैठक की मेजबानी इंडोनेशिया कर रहा है। वित्त मंत्रालय ने ट्वीट किया है कि निर्मला सीतारमण ने बहुदेशीय विकास बैंक के बारे में विशेषज्ञ समिति के कार्य की सराहना की है और सुझाव दिया है कि इसकी सिफारिशों को लागू करने की रूप-रेखा तैयार की जाए। वित्त मंत्री कल ही बाली पहुंचीं, जहां उन्होंने जलवायु परिवर्तन पर गोलमेज बैठक में शामिल हुईं और टिकाउ विकास लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए मिश्रित वित्तीय और निजी पूंजी को बढावा देने की जरूरत पर बल दिया।
इस अवसर पर निर्मला सीतारमण ने ऊर्जा में कुशलता और सुरक्षा को बढावा देने के लिए भारत की बहुभुजी ऊर्जा परिवर्तन योजना और मिश्रित ऊर्जा में नवीकरण को बढावा देने तथा नवीकरणीय नीतिगत उपाय अपनाए जाने की जानकारी दी।
इससे पहले, आज केंद्रीय वित्त मंत्री ने जी-20 देशों के वित्त मंत्रियों और केंद्रीय बैंकों के गवर्नरों की बैठक के दूसरे अधिवेशन में भाग लिया, जहां उन्होंने सामुहिक स्वास्थ्य सूची के बारे में अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने विश्व स्वास्थ्य संगठन के साथ वैश्विक समन्वय बनाए रखने का आह्वान किया। उन्होंने यह भी कहा कि भारत भविष्य में महामारी से निपटने की तैयारी के सभी प्रयासों के लिए प्रतिबद्ध है।
वित्त मंत्री ने कनाडा की उपप्रधानमंत्री और वित्त मंत्री क्रिस्टिया फ्रीलैण्ड से मुलाकात भी की।