भारत ने वैश्विक जलवायु सम्मेलन कॉप-28 में विश्व नेताओं से अनुरोध किया है कि पेरिस समझौते को पूरी तरह लागू करे और ऐसा करते समय समानता और जलवायु न्याय के सिद्धांतों का ध्यान रखा जाए। कॉप-28 के पूर्ण सत्र के समापन पर पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव ने कहा कि तापमान के निर्धारित लक्ष्यों को बनाए रखने की प्रतिबद्धता के लिए सामूहिक प्रयासों से सकारात्मक संकेत मिले रहे हैं।
लगभग दो सप्ताह तक चली वार्ता के बाद अपनायी गई पहली ग्लोबल स्टॉकटेक डील में देशों से आग्रह किया गया है कि कोयले के निरंकुश उपयोग को कम करने के प्रयासों में तेजी लाई जाए। इसे भारत और चीन की ओर से कोयले के उपयोग पर पहले के रुख में नर्मी के तौर पर देखा जा रहा है। यह समझौता संयुक्त अरब अमीरात की पहल पर किया गया है।