भारत और अमेरिका ने जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए सार्वजनिक और निजी क्षेत्र की मदद से सालाना 100 अरब डॉलर जुटाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण और अमेरिकी वित्त मंत्री जेनेट येलेन की अध्यक्षता में कल भारत-अमरीका आर्थिक और वित्तीय साझेदारी की बैठक में जलवायु संकट पर प्रमुख रूप से चर्चा हुई।
बैठक के बाद जारी बयान में कहा गया है कि बैठक का पहला सत्र जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए आर्थिक संसाधन जुटाने पर केन्द्रित रहा।
भारत-अमेरिका आर्थिक और वित्तीय साझेदारी को वर्ष 2010 में दोनों देशों के बीच आर्थिक संबंधों को मजबूत करने के उद्देश्य से शुरू किया गया था।