प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कोविड महामारी की रोकथाम में भारत के योगदान और एक धरती एक स्वास्थ्य की परिकल्पना पर बल दिया है। रोम में कल जी-20 शिखर सम्मेलन के पहले सत्र में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत अगले वर्ष के अंत तक पांच अरब से अधिक कोविड टीके की खुराक बनाने को तैयार है। उन्होंने स्वास्थ्य देखभाल, आसान वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला और मानव सशक्तिकरण के लिए समान रूप से प्रौद्योगिकी उपलब्ध कराने के बारे में चर्चा की। बाद में कई ट्वीट संदेशों में प्रधानमंत्री ने शिखर सम्मेलन की कल की कार्यवाही को व्यापक और रचनात्मक बताया। उन्होंने कहा कि यह महत्वपूर्ण है कि वैश्विक हित के लिए सभी राष्ट्र एकजुट होकर काम करें। शिखर सम्मेलन का कल का सत्र वैश्विक अर्थव्यवस्था और वैश्विक स्वास्थ्य पर केंद्रित था।
जी-20 शिखर सम्मेलन से अलग प्रधानमंत्री मोदी ने अमरीका, फ्रांस, ब्रिटेन, कनाडा और जर्मनी के राष्ट्राध्यक्षों से मुलाकता की। प्रधानमंत्री मोदी संयुक्त राष्ट्र महासचिव अंतोनियो गुत्तरश और विश्व स्वास्थ्य संगठन के महानिदेशक टेड्रोस अधनॉम गेब्रियासिस सहित कई विश्व नेताओं से भी मिले।