गुजरात सरकार ने राज्य कर्मचारियों के लिए सातवें वेतन आयोग के शेष भत्ते लागू करने का निर्णय लिया है। गांधीनगर में मीडिया से बातचीत में राज्य शिक्षा मंत्री जीतू भाई वघानी ने कहा कि राज्य सरकार ने वेतन और पेंशन से संबंधित कर्मचारियों की विभिन्न मांगों को स्वीकार कर लिया है। जीतू भाई वघानी ने कहा कि पहली अप्रैल 2005 से पहले नियुक्त कर्मचारियों को केन्द्र सरकार के कर्मचारियों की तरह पुरानी पेंशन योजना और सामान्य भविष्य निधि में शामिल किया जाएगा। सरकार का अंशदायी भविष्य निधि दस प्रतिशत से बढ़ाकर 14 प्रतिशत कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि महिला कर्मचारी अब अपनी नियुक्ति की वास्तविक तिथि से मातृत्व अवकाश ले सकेंगी। सेवा के दौरान सरकारी कर्मचारी की मृत्यु के मामले में वित्तीय सहायता आठ लाख से बढ़ाकर 14 लाख कर दी गई है। सरकार ने चिकित्सा भत्ते को तीन सौ रुपये से बढ़ाकर एक हजार रुपये करने का निर्णय भी लिया है।
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