वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा है कि आगामी केंद्रीय बजट अगले 25 वर्षों के लिए भारत की तैयारी का खाका पेश करेगा। फिक्की के एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि आगामी बजट पिछले बजट की मूल भावना का पालन करेगा। निर्मला सीतारमण ने उद्योग जगत से कहा कि वह ऐसी रणनीति तैयार करे जिससे विकसित देश, पश्चिम में मंदी की आशंकाओं के बीच भारत को उत्पादन या संसाधन केन्द्र के रूप में देखें। उन्होंने कहा, सरकार भारत में विदेशी निवेश आकर्षित करने के लिए अनेक सुविधाएं प्रदान कर रही है और नियमों में बदलाव किए गए हैं। सरकार ऐसे उद्योगों से भी जुड़ रही है जो हमारे उद्योगों के साथ काम कर सकते हैं।
निर्मला सीतारमण ने कहा कि यूरोप सहित उन्नत देशों में फर्मों को आकर्षित करने के लिए कार्यनीति तैयार करने की भी आवश्यकता है। इससे उन देशों को फायदा होगा जो अपने आधारभूत ढांचे को चीन से स्थानांतरित करना चाहते हैं। उन्होंने यूरोप जैसे बड़े बाजार में लंबे समय से चली आ रही मंदी के बारे में आगाह किया और घरेलू उद्योग को विपरीत परिस्थितियों के लिए बेहतर तैयारी करने को कहा। वित्तमंत्री ने कहा, सरकार जी20 समूह की अध्यक्षता के दौरान भारत को एक आकर्षक निवेश गंतव्य के रूप में प्रदर्शित करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि भारत, दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में से एक है और विदेशी निवेशक इसका लाभ उठा सकते हैं।