भारत ने ब्राजील और दक्षिण अफ्रीका के साथ मिलकर स्थापित गरीबी और भूख उन्मूलन निधि में 10 लाख अमेरिकी डॉलर का योगदान दिया है। संयुक्त राष्ट्र में भारत की स्थायी प्रतिनिधि रुचिरा काम्बोज ने दक्षिण-दक्षिण-सहयोग के लिए संयुक्त राष्ट्र के कार्यालय के निदेशक दिमा अल खातिब को इस राशि का चेक सौंपा।
उन्होंने कहा कि भारत-ब्राजील-दक्षिण अफ्रीका निधि में सहयोग के लिए भारत वचनबद्ध है। उन्होंने कहा कि इस निधि से विकास के मामले में पिछड़े तमाम देशों में रहने वाले लाखों लोगों के जीवन पर सकारात्मक असर पड़ा है और इसने दक्षिण-दक्षिण सहयोग की भावना को मजबूत किया है। रुचिरा काम्बोज ने यह भी कहा कि भारत की जी20 अध्यक्षता में लोगों के, लोगों के द्वारा और लोगों के लिए विकास पर ध्यान केंद्रित किया गया था।
गरीबी और भूख उन्मूलन के लिए भारत-ब्राजील-दक्षिण अफ्रीका निधि की स्थापना मार्च 2004 में संयुक्त रुप से की गई थी और इसने 2006 में कामकाज शुरु किया। इस निधि का उद्देश्य ऐसी अनुकरणीय और लक्ष्य आधारित परियोजनाओं की पहचान करना है, जिन्हें विकासशील देशों में मांग के आधार पर चलाया जा सके।
इस निधि के सहयोग से चलने वाली परियोजनाएं विकास के मामले में पिछड़ गए सहयोगी देशों के लिए उनकी राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के साथ-साथ विकास के ऐसे लक्ष्यों को हासिल करने में मददगार हैं, जिन पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सहमति बनी है।