वाणिज्य और खाद्य मंत्री पीयूष गोयल ने स्पष्ट किया है कि चावल निर्यात से संबंधित नीति में अभी कोई परिवर्तन नहीं होगा। उन्होंने कहा कि देश के अस्सी करोड़ निर्धनों की मदद के लिए प्रतिवर्ष दस करोड़ टन अनाज की जरूरत होगी। पीयूष गोयल ने कहा कि प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के अंतर्गत प्रत्येक व्यक्ति को प्रतिमाह दस किलो चावल या गेहूं दिया जा रहा है।
पीयूष गोयल ने कल शाम हैदराबाद में तेलंगाना वाणिज्य और उद्योग परिसंघ के सदस्यों से बातचीत की और उनसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के पांच प्रण के अनुसार वर्ष-2047 तक देश को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य में साझेदार बनने का आग्रह किया। उन्होंने इस दिशा में सामूहिक प्रयासों पर बल देते हुए उत्पाद विपणन मजबूत करने और मेक इन इंडिया को सफल बनाने में एक दूसरे का सहयोग करने को कहा।