इस वर्ष दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के दौरान कर्नाटक में कुल मिलाकर 56 प्रतिशत कम वर्षा हुई। बेंगलुरु में मौसम विभाग के वैज्ञानिक ए प्रसाद ने बताया कि मॉनसून की वर्षा में आरंभिक कमी के बावजूद अगले तीन महीनों में सामान्य वर्षा की आशा है। आकाशवाणी बेंगलुरु से विशेष बातचीत में आज ए प्रसाद ने कहा कि अब वर्षा की स्थिति में सुधार होगा।
ए प्रसाद ने कहा कि अरब सागर में हाल का तूफान बिपरजॉयऔर हिंद महासागर में अलनीनो की संभावित स्थिति जैसे कई कारणों से कर्नाटक में कम वर्षा हुई। उन्होंने कहा कि सामान्य रूप से 26 जून तक कर्नाटक में औसतन 17 सेंटीमीटर वर्षा होती है लेकिन इस बार केवल 7 सेंटीमीटर वर्षा दर्ज की गई। उन्होंने कहा कि तटीय कर्नाटक में 58 प्रतिशत कम वर्षा हुई जबकि उत्तरी-भीतरी कर्नाटक में 53 प्रतिशत और दक्षिणी भीतरी कर्नाटक में 56 प्रतिशत कम वर्षा हुई। बेंगलुरू शहरी जिले में कुछ राहत की स्थिति रही क्योंकि वहां आशा के अनुरूप 26 जून तक सात सेंटीमीटर वर्षा हुई।
कर्नाटक में 1970 से 2020 के बीच पचास वर्ष की औसत वर्षा लगभग 83 सेंटीमीटर रही है जिसमें 19 प्रतिशत की घट-बढ होती रहती है।