विभिन्न अखबारों ने अलग-अलग शीर्षकों से खबरों की प्रमुखता दी है। हिन्दुस्तान ने महापौरों को संबोधन में केन्द्र पर ही निर्भर न रहने के सुझाव और बड़े शहरों का बोझ घटाने की निकायों को प्रधानमंत्री की सलाह को सुर्खी बनाया है। जनसत्ता ने प्रधानमंत्री के इस वक्तव्य को पहली खबर बनाया है कि चुनाव केन्द्रित सोच से शहरों का विकास नहीं किया जा सकता। राजस्थान पत्रिका लिखता है- 25 वर्ष का रोडमैप बनाने के पीएम मोदी ने दिये टिप्स।
श्रीनगर में मल्टीप्लेक्स में उद्घाटन की खबर को अखबारों ने चित्र सहित दिया है। राष्ट्रीय सहारा लिखता है- कश्मीर में बड़े पर्दे पर फिल्म देखने का इंतजार खत्म। दैनिक भास्कर लिखता है- तीन हॉल वाले मल्टीप्लेक्स के साथ घाटी में 32 साल बाद खुला बड़ा पर्दा।
लोकसत्य और हिन्दुस्तान की खबर है- कर्नाटक में आई एस आई एस से जुड़े तीन आतंकी गिरफ्तार।
सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडेय के पूर्वी लद्दाख से मिले हर वक्त तैयार रहने के सबक को अमर उजाला ने एहमियत दी है। अखबार ने लिखा है- कोच्चि में तटरक्षक बल के बेड़े में 105 मीटर लम्बा पोत समर्थ शामिल।
हिन्दुस्तान की खबर है- वाहन की गति तय सीमा से ज्यादा हुई तो अलार्म बजेगा, पीछे की सीट पर बैल्ट नहीं लगाने और गलत पार्किंग का जुर्माना तय।
नवभारत टाइम्स ने लिखा है- गलत दिशा में गाड़ी चलाने वालों के खिलाफ अभियान तेज। पांच दिन में हजार से ज्यादा लोगों के चालान कटे। नाबालिगों की ड्राइविंग पर सख्त कार्रवाई शुरू।
अमर उजाला की अच्छी खबर है- देश में सख्त पर्यावरण कानून और बेहतर तकनीक ने खतरनाक गैस का उत्सर्जन कम किया, अक्षय ऊर्जा उत्पादन में हुई वृद्धि।