रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने तीव्र गति की गश्ती पोत तथा पानी और जमीन पर चलने वाला एक असॉल्ट पोत मालदीव राष्ट्रीय रक्षा सेना को सौंपा। गश्ती पोत तटवर्ती इलाकों में निगरानी में सक्षम है। इस अवसर पर मालदीव के राष्ट्रपति इब्राहिम मोहम्मद सोलेह और रक्षामंत्री मारिया अहमद दीदी भी उपस्थित थीं।
इस अवसर पर राजनाथ सिंह ने कहा कि यह हिन्द महासागर में भारत और मालदीव के बीच शांति और सुरक्षा की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि भारत रक्षा उपकरणों के विनिर्माण का पारिस्थितिकी तंत्र विकसीत कर लिया है और यह मित्र देशों की रक्षा क्षमता में सहयोग कर रहा है। राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत हाल ही के वर्षों में अग्रणी रक्षा निर्यातक देशों में शामिल हुआ है।
रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने मालदीव के साथ भारत के रक्षा सहयोग पर जोर दिया और कहा कि यह भारत की पडोसी प्रथम की नीति और सभी क्षेत्रीय देशों की सुरक्षा और विकास की सागर नीति के अनुरूप है। राजनाथ सिंह ने हिन्द महासागर क्षेत्र में चुनौतियों से निपटने के लिए सभी देशों से सहयोग बढाने का आह्वान किया।