प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कल शाम लखनऊ में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और राज्य सरकार के अन्य मंत्रियों के साथ व्यापक विचार-विमर्श किया। प्रधानमंत्री मोदी ने एक ट्वीट में कहा कि कुशल प्रशासन और लोगों का जीवन सुगम बनाने संबंधी व्यापक विषयों पर बातचीत हुई। लखनऊ आने से पहले प्रधानमंत्री मोदी ने बुद्ध पूर्णिमा पर कुशीनगर जिले में महानिर्वाण स्तूप पर प्रार्थना की। यहां भगवान बुद्ध की शयन मुद्रा प्रतिमा है। बताया जाता है कि इसी स्थल पर उन्हें महापरिनिर्वाण प्राप्त हुआ था।
प्रधानमंत्री, नेपाल में लुम्बिनी की यात्रा के बाद कुशीनगर पहुंचे थे। लुम्बिनी में उन्होंने बौद्ध संतों की उपस्थिति में भगवान बुद्ध की प्रतिमा पर चिवर समर्पित किया।
लुम्बिनी में जन-समुदाय को सम्बोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भगवान बुद्ध सम्पूर्ण मानवता के लिए शांति और अहिंसा के मूर्त स्वरूप हैं।
जिस तरह की वैश्विक परिस्थितियां बन रही हैं। उसमें भारत और नेपाल की निरंतर मजबूत होती मित्रता, घनिष्ठता सम्पूर्ण मानवता के हित का काम करेंगी और इसमें भगवान बुद्ध के प्रति हम दोनों ही देशों की आस्था उनके प्रति असीम श्रद्धा हमें एकसूत्र में जोड़ती है। बुद्ध मानवता के सामूहिक बोध का अवतरण है। बुद्ध बोध भी है और बुद्ध शोध भी है, बुद्ध विचार भी है और बुद्ध संस्कार भी है। बुद्ध इसलिए विशेष है कि उन्होंने केवल उपदेश नहीं दिए, बल्कि उन्होंने मानवता को ज्ञान की अनुभूति करवाई।
नेपाल यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने, नेपाल के प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा के साथ लुम्बिनी में भारत अंतरराष्ट्रीय बौद्ध संस्कृति और विरासत केन्द्र की आधारशिला रखी। यह केन्द्र उन्नत प्रौद्योगिकी आधारित होगा।