स्वच्छ और हरित ऊर्जा की दिशा में एक और कदम उठाते हुए भारत की प्रमुख जलविद्युत कंपनी एनएचपीसी लिमिटेड ने आंध्र प्रदेश राज्य में नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं तथा पंप्ड हाइड्रो स्टोरेज के कार्यान्वयन के लिए आंध्र प्रदेश पावर जेनरेशन कॉरपोरेशन (APGENCO) लिमिटेड (आंध्र प्रदेश सरकार का एक उपक्रम) के साथ एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं।
पहले चरण में समझौता ज्ञापन में कुल क्षमता 1,950 मेगावाट की दो पहचानी गई पंप हाइड्रो स्टोरेज परियोजनाओं के कार्यान्वयन की परिकल्पना की गई है। ये परियोजनाएँ कमलापाडु (950 मेगावाट) और यागंती (1,000 मेगावाट) हैं। इन परियोजनाओं के कार्यान्वयन से रोजगार के महत्वपूर्ण अवसर पैदा होने और क्षेत्र में स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। परियोजनाओं को संयुक्त उद्यम के तहत कार्यान्वित किया जाएगा।
23 अगस्त, 2023 को आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई.एस. जगन मोहन रेड्डी की उपस्थिति में आंध्र प्रदेश के गुंटुर जिले के ताडेपल्ली में समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए। समझौते पर एनएचपीसी के निदेशक (वित्त) आर.पी. गोयल और एपीजीईएनसीओ के प्रबंध निदेशक के.वी.एन. चक्रधर बाबू ने दोनों संगठनों के अन्य अधिकारियों की उपस्थिति में हस्ताक्षर किए।
समझौता ज्ञापन का उद्देश्य स्वच्छ और हरित ऊर्जा के राष्ट्रीय उद्देश्य को प्राप्त करने के लिए ऊर्जा भंडारण समाधान के रूप में पंप भंडारण परियोजनाओं का उपयोग करना है यानी वर्ष 2030 तक गैर-जीवाश्म ईंधन (नवीकरणीय ऊर्जा + परमाणु) स्रोतों से 500 गीगावॉट स्थापित बिजली क्षमता प्राप्त करना तथा 2070 तक नेट ज़ीरो को साकार करने का उद्देश्य है।
पंप भंडारण प्रणाली निचले जलाशय से ऊपरी जलाशय तक पानी पंप करने के लिए थर्मल पावर स्टेशनों या अन्य स्रोतों से उपलब्ध अतिरिक्त ग्रिड बिजली का उपयोग करती है और बिजली की कमी होने पर अधिकतम मांग के दौरान बिजली का उत्पादन करती है।
एनएचपीसी लिमिटेड भारत की प्रमुख जलविद्युत कंपनी है। एनएचपीसी की कुल स्थापित क्षमता अपने 25 बिजली स्टेशनों के माध्यम से नवीकरणीय ऊर्जा (पवन और सौर सहित) की 7,097.2 मेगावाट है जिसमें सहायक कंपनी के माध्यम से 1,520 मेगावाट भी शामिल है।
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