प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि परम्परा और प्रौद्योगिकी से आत्मनिर्भर भारत की पहल को बल मिलेगा। उन्होंने कहा कि खिलौने और गेम्स, परम्परा तथा प्रौद्योगिकी को एक साथ जोड़ते हैं।
प्रधानमंत्री ने आज टॉयक्थॉन-2021 के प्रतिभागियों के साथ बातचीत की। इस साल 5 जनवरी को शिक्षा मंत्रालय, महिला और बाल विकास मंत्रालय, सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय, उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग, वस्त्र मंत्रालय, सूचना और प्रसारण मंत्रालय तथा अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद द्वारा टॉयक्थॉन 2021 की शुरूआत संयुक्त रूप से की गई थी। इसका उद्देश्य भारतीय मूल्यों पर आधारित नए खिलौने बनाना है, ताकि बच्चों में सकारात्मक व्यवहार तथा अच्छे आचरण का विकास हो सके।
कार्यक्रम के दौरान आज प्रधानमंत्री मोदी ने नई गेम्स के डिजाइन और उनकी अवधारणाओं के बारे में अपने विचार और सुझाव साझा किए तथा प्रतिभागियों का और अधिक नई गेम्स बनाने का आह्वान किया। योग के महत्व के बारे में प्रधानमंत्री ने कहा कि इस का चलन बढ़ गया है तथा ये नवोन्मेष खिलौने और गेम्स योग को बढ़ावा देंगे।
देशभर से लगभग एक लाख बीस हजार प्रतिभागियों ने टॉयक्थॉन 2021 के लिए पंजीकरण कराया और 17 हजार से अधिक विचार प्रस्तुत किए। इनमें से तीन दिन के ऑनलाइन टॉयक्थॉन ग्रैंड फिनाले के लिए एक हजार 567 विचार छांटे गए हैं।
रेल मंत्री पीयूष गोयल और शिक्षा राज्य मंत्री संजय धोत्रे इस अवसर पर मौजूद थे। उच्चतर शिक्षा सचिव अमित खरे तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भी कार्यक्रम में हिस्सा लिया।