इस्लामाबाद उच्च न्यायालय के दो-न्यायाधीशों की पीठ ने इमरान खान की अपील को स्वीकार करते हुए यह फैसला सुनाया है। इमरान खान के वकील ने बताया कि यह मामला खत्म नहीं किया गया है बल्कि यह मुकदमा अब आतंकवाद विरोधी अदालत के बजाय एक सामान्य अदालत में चलाया जाएगा।
यह मामला इमरान खान के एक भाषण से संबंधित हैं जिसमें उन्होंने अपने एक करीबी सहयोगी को देशद्रोह के मामले में जमानत नहीं मिलने के बाद कथित तौर पर पुलिस और न्यायिक अधिकारियों को धमकी दी थी।
हालांकि बाद में उन्होंने अपनी सफाई में कहा था कि उन्होंने किसी को धमकी नहीं दी थी बल्कि यह कहा था कि वह अधिकारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करेंगे।