पाकिस्तान की नेशनल असेंबली में इमरान खान सरकार के खिलाफ़ अविश्वास प्रस्ताव पर आज मतदान होगा। पाकिस्तान की सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर ऐसा किया जा रहा है। अदालत ने नेशनल असेंबली को भी बहाल करने का आदेश दिया है। उसने नेशनल असेंबली के डिप्टी स्पीकर कासिम सूरी की कार्रवाई को असंवैधानिक बताया है। डिप्टी स्पीकर ने इमरान सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव को खारिज कर दिया था। इसके बाद पाकिस्तान के राष्ट्रपति आरिफ अलवी ने प्रधानमंत्री इमरान खान की अनुशंसा पर नेशनल असेंबली भंग कर दी थी।
इस बीच, इमरान खान ने कहा है कि वे संघर्ष जारी रखेंगे। कल रात राष्ट्र को संबोधित करते हुए उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर निराशा व्यक्त की लेकिन कहा कि वे इस फैसले का सम्मान करेंगे।
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने विपक्ष पर खरीद-फरोख्त का आरोप लगाते हुए दावा किया कि उनकी सरकार गिराने के लिए अंतरराष्ट्रीय षडयंत्र किया गया है। उन्होंने कहा कि यूरोपीय संघ या कोई भी महाशक्ति भारत पर दबाव नहीं डाल सकती और न ही उसकी विदेश नीति में दखल दे सकती है।
हमारे साथ ही हिन्दुस्तान आजाद हुआ था। मैं हिन्दुस्तान भी बाकियों से बहुत बेहतर जानता हूं। मैं रहा हूं वहां, वाक़फियत भी बड़ी है लेकिन मैं आपको यह कह दूं कि वो एक बड़े खुद्दार क़ौम है। किसी सुपर पावर की जुरअत नहीं है कि वहां वो यही कह दें कि जनाब अपने फॉरन रिलेशन में वो वह कहें जो हम कह रहे हैं। अब देख रहे हैं कि वो रूसियों से, हालांकि सारी सेंक्शन्स लगी हुई हैं वो कह रहे हैं कि जी हम तेल इम्पोर्ट करते हैं हमारे लोगों की बेहतरी है।