प्रधानमंत्री के मन की बात अखबारों की बड़ी खबर है। दैनिक जागरण की सुर्खी है – राष्ट्र प्रथम, सदैव प्रथम के मंत्र से बढ़ना होगा आगे, हर भारतीय को करना है भारत जोड़ों आंदोलन का नेतृत्व। लोकसत्य का शीर्षक है – 15 अगस्त को गाएं राष्ट्रगान। मोदी ने देश के लोगों से किया आह्वान। त्यौहारों के दौरान कोविड नियमों का करते रहें अनुपालन।
उधर नवभारत टाइम्स एक सर्वेक्षण के हवाले से लिखता है – हर चार में से एक शख्स घूमने का बना रहा है प्लान। तीसरी लहर की आशंका के बीच 54 प्रतिशत लोग अपने परिवार वालों और दोस्तों से मिलने जाने की कर रहे हैं तैयारी।
दैनिक जागरण की बड़ी खबर है – सरकार ने कोरोना से माता-पिता को खोने वाले बच्चों का मांगा ब्यौरा। महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने सभी राज्यों और केन्द्रशासित प्रदेशों को लिखा पत्र। सुरक्षित बचपन के लिए ऐसे बच्चों को पीएम केयर्स योजना के तहत दी जाएगी मदद। सरकार ने हेल्प डैस्क भी बनाई।
अमरीकी विदेशमंत्री एंटनी ब्लिंकन के आगामी भारत दौरे के संदर्भ में भारत के बयान पर राष्ट्रीय सहारा की सुर्खी है – मानवाधिकार और लोकतंत्र एक राष्ट्र का मसला नहीं, ये दोनों ही मुद्दे सार्वभौमिक हैं। भारत को इन दोनों ही क्षेत्रों में अपनी उपलब्धियों पर गर्व।
हिन्दुस्तान की खबर है – संसद में छह विधेयक पेश करने की तैयारी। इनमें महिलाओं की अभद्र छवि पेश करने वाले विज्ञापनों पर रोकथाम विधेयक भी शामिल।
तोक्यो ओलिंपिक से जुड़ी खबरें अखबारों के मुख पृष्ठ पर हैं। अमर उजाला की सुर्खी है – बेटियों का विजय अभियान। पदक से दो कदम दूर मैरी कॉम। ओलिंपिक में मीराबाई चानू की ऐतिहासिक शुरुआत के बाद दूसरा दिन भी भारत की बेटियों के नाम रहा।
करगिल विजय दिवस पर हिन्दुस्तान लिखता है – शहीदों के सपूतों ने पिता की रेजिमेंट को चुना। पिता जहां शहीद हुए उस मिट्टी को किया नमन।
राजस्थान पत्रिका ने केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की रिपोर्ट का उल्लेख किया है। महाराष्ट्र में 53 स्थानों पर नदियां प्रदूषित। प्रदूषण ढोते ढोते इतनी मैली हुईं नदिया कि पानी ही काम का न रहा। राजस्थान में बनास और चंबल सबसे ज्यादा प्रदूषित। मोक्षदायनी कही जाने वाली गंगा में हरिद्वार से वाराणसी तक मिला माइक्रोप्लास्टिक।