स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने पूरे विश्व में 14 प्रतिशत बच्चों के मानसिक रूप से अस्वस्थ होने की समस्या पर गंभीर चिंता जताई। वीडियो कांफ्रेंस के जरिए यूनिसेफ की रिपोर्ट जारी करते हुए मनसुख मांडविया ने कहा कि अगर हम मानसिक उपचार की अनदेखी करेंगे तो स्वस्थ समाज का निर्माण नहीं कर सकेंगे। रिपोर्ट में कहा गया है कि कोविड महामारी ने मानसिक स्वास्थ्य के जोखिम को बढा दिया है। इसने विश्व के बच्चों और युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित किया है।
21 देशों के 20 हजार बच्चों और युवाओं पर किए गए 2021 के वैश्विक सर्वेक्षण में यूनिसेफ ने पाया कि हर पांच में से एक युवा मानसिक रूप से अस्वस्थ था। इसमें कहा गया है कि प्यार से देखभाल, स्कूल का सुरक्षित वातावरण और सहकर्मियों की सकारात्मक सोच से मानसिक स्वास्थ्य के जोखिम को कम करने में मदद मिल सकती है।