सरकार ने फार्मासिस्टों से केवल डॉक्टर की पर्ची पर ही एंटीबायोटिक दवाएं बेचने को कहा है। साथ ही सभी डॉक्टरों और मेडिकल कॉलेजों से एंटी-माइक्रोबियल यानी रोगाणुरोधी दवाएं लिखते समय कारण बताने को कहा है। स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय ने इस संबंध में सभी मेडिकल कॉलेजों के डॉक्टरों को निर्देश जारी किये हैं। रोगाणुरोधी प्रतिरोध दुनिया भर में सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा है और इससे सालाना लाखों लोगों की मौत होती है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार 2019 में विश्व में बैक्टीरियल एंटी-माइक्रोबियल प्रतिरोध 12 लाख 70 हजार लोगों की मौत से जुड़ा था।
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