लोकसभा की कार्यवाही लखीमपुर खीरी की घटना और गृह राज्यमंत्री अजय कुमार मिश्रा को मंत्री परिषद से हटाने की मांग को लेकर विपक्षी सदस्यों के हंगामे के कारण लगातार तीसरे दिन बाधित हुई। सदन की कार्यवाही शुरू होने पर कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस और डीएमके पार्टी के सदस्य अपनी मांग के समर्थन में सदन के बीचोंबीच आ गए।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिडला ने विपक्षी सदस्यों की नारेबाजी के बीच प्रश्नकाल चलाने का प्रयास किया। शोर-शराबा जारी रहने पर अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही पहले दो बजे फिर दिनभर के लिए स्थगित कर दी।
राज्यसभा में कुछ आवश्यक दस्तावेज सदन के पटल पर रखने के बाद सभापति एम. वैंकैया नायडू ने सभी सदस्यों से आग्रह किया कि वे सदन के नेता और विपक्ष के वरिष्ठ सदस्यों के साथ बैठक के बाद सदन का कामकाज चलाने के लिए सर्वसम्मति बनायें। इसके बाद सभापति ने सदन की कार्यवाही दिनभर के लिए स्थगित कर दी।
राज्यसभा के निलंबित विपक्षी सांसद लगातार संसद परिसर में महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने धरने पर बैठे हैं। वे अपने निलंबन को वापस लेने की मांग कर रहे हैं। इन 12 विपक्षी सांसदों को पिछले मानसून सत्र के दौरान सदन में उनके अनुचित व्यवहार के कारण मौजूदा सत्र से निलंबित कर दिया गया है।