शंघाई सहयोग संगठन के सदस्य देशों ने अफगानिस्तान को स्वतंत्र, निष्पक्ष, लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तथा आतंकवाद, युद्ध और नशे से मुक्त राष्ट्र बनाए रखने के प्रति समर्थन व्यक्त किया है। बैठक के बाद जारी दुशांबे घोषणा पत्र में कहा गया कि अफगानिस्तान में एक ऐसी समावेशी सरकार का होना आवश्यक है जिसमें सभी समुदायों, धर्मों और राजनीतिक समूहों का प्रतिनिधित्व हो।
सदस्य देशों ने अफगानिस्तान में किसी भी प्रकार के आतंकवाद की कड़े शब्दों में निंदा की है और आतंकवाद के लिए धन उपलब्ध कराए जाने पर रोक के लिए साझा प्रयासों पर बल दिया है। सदस्य देश अपने यहां ऐसी किसी भी गतिविधि को रोकेंगे जिससे आंकवादियों को धन और सुरक्षित ठिकाना मिलता हो अथवा अलगाववाद या चरमपंथ को बढ़ावा मिलता हो।
सदस्य देशों ने राष्ट्रीय विकास कार्यनीति, डिजिटल अर्थव्यवस्था से जुड़ी योजनाओं को कार्यान्वित करने और नई प्रौद्योगिकी को अपनाने संबंधी अनुभवों को साझा करने पर बल दिया। सदस्य देशों ने कहा कि ऊर्जा क्षेत्र में परस्पर लाभकारी सहयोग बढ़ाने तथा पर्यावरण के अनुकूल सस्ते अनुप्रयोगों को अपनाने की आवश्यकता है।