विश्व बैंक, श्रीलंका को आवश्यक वस्तुओं के आयात की भरपाई के लिए साठ करोड अमरीकी डॉलर की वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने पर सहमत हो गया है। श्रीलंका के राष्ट्रपति के मीडिया विभाग ने कल जारी एक बयान में कहा कि विश्व बैंक जल्द ही 40 करोड डॉलर की वित्तीय सहायता जारी करेगा। बयान के अनुसार विश्व बैंक ने कहा है कि वह वर्तमान आर्थिक संकट से उबरने में श्रीलंका को सहायता जारी रखेगा।
श्रीलंका के विदेशी मुद्रा भंडार में पिछले दो वर्षो में 70 प्रतिशत की कमी आई है जिससे 1948 में उसकी आजादी के बाद से अब तक के सबसे बडे वित्तीय संकट से उसे जूझना पड रहा है।
इस महीने के शुरू में श्रीलंका ने अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष से भी वित्तीय सहायता उपलब्ध कराए जाने के लिए बातचीत की है।
विदेशी मुद्रा भंडार में भारी कमी के कारण श्रीलंका को ईंधन, औषधि और खाद्य पदार्थों सहित अन्य आवश्यक वस्तुओं की अदायगी में परेशानियों का सामना करना पड रहा है।
भारत ने इस संकट से उबरने के लिए श्रीलंका को एक खरब 90 अरब डॉलर की सहायता उपलब्ध कराई है। श्रीलंका के वित्त मंत्री अली साबरी ने कहा है कि उनका देश एशियाई विकास बैंक से भी वित्तीय सहायता प्राप्त करने की कोशिश कर रहा है।
इस बीच, श्रीलंका सरकार ने विदेशी मुद्रा को आकर्षित करने के लिए दीर्घकालिक वीजा जारी करने की घोषणा की है। जो विदेशी नागरिक न्यूनतम एक लाख डॉलर जमा कराएंगें उन्हें दस वर्ष तक श्रीलंका में रहने और कार्य करने की अनुमति होगी।
उधर, श्रीलंका के राष्ट्रपति गोटाबाया राजपक्से के इस्तीफे को लेकर उनके समुद्री तट स्थित कार्यालय के बाहर हजारों लोग धरना पर हैं।