भारत और पाकिस्तान ने आज एक-दूसरे की हिरासत में सामान्य कैदियों और मछुआरों की सूची का आदान-प्रदान किया। वर्ष 2008 में वाणिज्य दूत पहुंच पर समझौते के प्रावधानों के अनुसार दोनों देश प्रति वर्ष एक जनवरी और एक जुलाई ऐसी सूचियों का आदान-प्रदान करते हैं। विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत ने पाकिस्तान को 339 पाकिस्तानी नागरिक कैदी और 95 पाकिस्तानी मछुआरों की सूची सौंपी है। इसी तरह पाकिस्तान ने भारत को 51 भारतीय नागरिक कैदियों और 654 मछुआरों की सूची दी है, जो भारतीय है या उन्हें भारतीय समझा जा रहा है।
सरकार ने पाकिस्तान की हिरासत में रह रहे सामान्य नागरिक कैदियों, लापता भारतीय रक्षा कर्मियों और मछुआरों तथा उनकी नौकाओं को जल्दी से जल्दी छोड़ने को कहा है। मंत्रालय ने कहा है कि पाकिस्तान से 631 भारतीय मछुआरों और दो भारतीय नागरिक कैदियों को जल्द से जल्द छोड़ने को कहा गया है। इनकी सजाएं पूरी हो चुकी हैं और इनकी राष्ट्रीयता की भी पुष्टि हो गई है। इस संबंध में पाकिस्तान को पूरी जानकारी दे दी है। इसके अलावा, पाकिस्तान को उसकी हिरासत में बचे 30 मछुआरों और 22 सामान्य नागरिकों तक तत्काल वाणिज्य दूत पहुंच देने को कहा गया है। समझा जाता है कि ये सभी भारतीय हैं।
मंत्रालय ने कहा है कि भारत में पाकिस्तान से अनुरोध किया है कि मछुआरों समेत 71 पाकिस्तानी कैदियों की राष्ट्रीयता की पुष्टि करने की आवश्यक कार्रवाई में तेजी लाये। इनमें मछुआरों भी शामिल हैं।