प्रोजेक्ट 17ए युद्धपोत – तारागिरी को आज मुंबई के मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स लिमिटेड, मुंबई में लॉन्च किया जाएगा। पश्चिमी नौसेना कमान केएफओसी-इन-सी वाइस एडमिरल अजेंद्र बहादुर सिंह इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि होंगे।
गढ़वाल में हिमालय पर्वत श्रृंखला के नाम पर ‘तारागिरी’ नाम दिया गया, यह प्रोजेक्ट 17 ए श्रेणी में पांचवां युद्धपोत है। ये जहाज पी17 फ्रिगेट्स (शिवालिक क्लास) का उन्नत संस्करण हैं, जिनमें बेहतर स्टील्थ फीचर्स, अत्याधुनिक हथियार और सेंसर और प्लेटफॉर्म मैनेजमेंट सिस्टम हैं। ‘तारागिरी’ पूर्ववर्ती लिएंडर क्लास एएसडब्ल्यू फ्रिगेट ‘तारागिरी’ का पुन: अवतार है, जिसने 16 मई 1980 से 27 जून 2013 तक तीन दशकों में राष्ट्र के लिए अपनी शानदार सेवा में कई चुनौतीपूर्ण ऑपरेशन देखे। प्रोजेक्ट 17 ए कार्यक्रम के तहत कुल मिलाकर सात जहाजों में से 04 एमडीएल में और 03 जीआरएसई में निर्माणाधीन हैं। वर्ष 2019 और 2022 के बीच अब तक चार प्रोजेक्ट 17ए प्रोजेक्ट शिप (एमडीएल और जीआरएसई में दो-दो) लॉन्च किए गए हैं।
पी17ए जहाजों को भारतीय नौसेना के युद्धपोत डिजाइन ब्यूरो द्वारा इन-हाउस डिजाइन किया गया है जो राष्ट्र की सभी युद्धपोत डिजाइन गतिविधियों के लिए अग्रणी संगठन है। ‘आत्मनिर्भर भारत’ की दिशा में देश के अटूट प्रयासों को आगे बढ़ाते हुए प्रोजेक्ट 17ए जहाजों के उपकरण और प्रणाली के 75 प्रतिशत ऑर्डर एमएसएमई सहित स्वदेशी फर्मों को दिए जा रहे हैं।