गुजरात सरकार ने कोविड महामारी की सम्भावित तीसरी लहर के लिए अपनी कार्ययोजना को अंतिम रूप दे दिया है। मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने आज यह जानकारी देते हुए कहा कि कोविड महामारी की तीसरी लहर से निपटने के लिए कार्ययोजना तैयार करने वाला गुजरात देश का पहला राज्य है।
गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कहा कि संभवित तीसरी लहर का मुकाबला करने के लिए विशेषज्ञों के परामर्श से कार्य योजना तैयार की गई है। जिसमें रोगियों का परीक्षण, ट्रैकिंग और उपचार के लिए 3T की क्षमता को दोगुना करना शामिल है। उन्होंने कहा कि वैश्विक और राष्ट्रीय विशेषज्ञों द्वारा तीसरी लहर की संभावना को देखते हुए यह कार्य योजना को अंतिम रूप दिया गया है। इसका उद्देश्य संभावित तीसरी लहर की तीव्रता को कम से कम रखना है। इस कार्य योजना के तहत ऑक्सीजन बेड की संख्या 61 हजार से बढ़ाकर एक लाख दस हजार की जा रही है। 15 हजार वेंटिलेटर के साथ आईसीयू बेड की संख्या 15 हजार से बढ़ाकर तीस हजार की जा रही है। ऑक्सीजन का स्टॉक एक हजार एक सौ पचास मीट्रिक टन से बढ़ाकर एक हजार आठ सौ मीट्रिक टन करना और पीएसए संयंत्रों की संख्या तीन सौ मीट्रिक टन क्षमता के साथ 24 से बढाकर चार सौ की जा रही है। दवाओं का स्टॉक और स्वास्थ्य कर्मचारियों की संख्या भी दोगुनी की गई है। सरकार ने सितंबर 2021 तक राज्य की अधिकतर आबादी का टीकाकरण पूरा करने का लक्ष्य रखा है।