केंद्र सरकार ने कोविड के प्रति एहतियाती उपायों में किसी भी तरह की ढील नहीं देने की अपील की है। स्वास्थ्य मंत्रालय में संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने कल नई दिल्ली में संवाददाता सम्मेलन में कहा कि खतरा अभी टला नहीं है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रतिबंधों में छूट के दौरान कोविड नियमों की अनदेखी पर गहरी चिंता व्यक्त की है।
लव अग्रवाल ने ब्रिटेन, रूस और बंगलादेश सहित कुछ ऐसे देशों का हवाला दिया जहां कोरोना के मामले तेजी से बढ रहे हैं।
कोरोना महामारी की मौजूदा स्थिति पर संयुक्त सचिव अग्रवाल ने कहा कि देश में कोविड के दैनिक मरीज लगातार कम हो रहे हैं और पिछले सात-आठ सप्ताह से स्वस्थ होने की दर में भी वृद्धि हो रही है।
पिछले 24 घंटे का डेटा देखें तो पाते हैं कि देश में 43 हजार 393 केसेज़़ रिपोर्ट हुए हैं। अगर आप देखें, जहां एक से सात मई वाले हफ्ते में देश में ऑन-एैन-एैवरेज थ्री लैक 89 थाउजैंड 800 केसेज़ ऑन अ डेली बेस रिपोर्ट हुए थे उसमें काफी कमी नोट की जा रही है और अगर हम देखें कि 22 प्रतिशत घटाव, 23 प्रतिशत, 33 प्रतिशत, फिर 31 प्रतिशत, और उससे घटते-घटते कन्टीन्यूड बेसेज़ पर पिछले एक हफ्ते में भी नौ प्रतिशत गिराव ओवरऑल जो केसेज़ देश में रिपोर्ट हो रहे हैं उसमें नोट किया गया है।
नीति आयोग के सदस्य डॉक्टर वी.के. पॉल ने कहा है कि लोगों को कोविड से बचाव के सभी नियमों का कडाई से पालन करना चाहिए। पर्यटन स्थल सहित सभी जगहों पर मास्क पहनने और सुरक्षित दूरी के नियम का पालन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि इसमें किसी तरह की लापरवाही के गंभीर परिणाम हो सकते हैं।
अपील है कि इस तरह का माहौल पैदा नहीं होना चाहिये, प्रीकॉशन नहीं लेंगे तो हम सिर्फ वॉयरस को ही मौका देंगे और वॉयरस हमारे पे हावी होगा। बहुत-बहुत मुश्किल से इस सिचुएशन में पहुंचे हैं कि केसेज़ डिक्लाइन पे हैं, थोड़े ही जि़लों में हैं, सिचुएशन ख़राब है, यह हम मानते हैं। हमने पूरी तरह से वॉयरस के उपर काबू नहीं पाया है और वो मौका अगर हम देंगे जिससे वॉयरस फैलता है।