आज माल और सेवा कर (GST) दिवस है। वर्ष 2017 में तीस जून और पहली जुलाई की मध्य रात्रि को संसद के केन्द्रीय कक्ष में एक विशेष समारोह में पुरानी अप्रत्यक्ष कर प्रणाली के स्थान पर माल और सेवा कर का शुभारम्भ किया गया था।
माल और सेवा कर (GST) एक राष्ट्र – एक बाजार- एक कर की अवधारणा पर लागू किया गया। इस कर प्रणाली में घरेलू अप्रत्यक्ष करों को मिलाकर एक कर दिया गया है। इसका उद्देश्य बड़ी संख्या में लागू करों को हटाने, प्रतिस्पर्धा बढ़ाने, निर्यातकों और विनिर्माताओं को सुविधा प्रदान करने और कर दरों में एकरुपता लाना है।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन आज नई दिल्ली में पांचवे माल और सेवा कर (GST) दिवस समारोह का शुभारम्भ करेंगी। इस अवसर पर केन्द्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी, राजस्व सचिव, केन्द्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड तथा जी.एस.टी. परिषद के सदस्य मौजूद रहेंगे। कार्यक्रम के दौरान पिछले पांच वर्ष में विभिन्न स्तरों पर माल और सेवा कर के प्रभाव पर प्रस्तुति दी जाएगी और GST@5 पुस्तिका का विमोचन किया जाएगा।