अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति अशरफ गनी ने भागकर संयुक्त अरब अमारात में शरण लेने के लिए अफगानिस्तान के लोगों से माफी मांगी है। ट्वीटर पर जारी एक बयान में अशरफ गनी ने कहा कि देश छोडने के अलावा उनके पास कोई रास्ता नहीं था क्योंकि वह नहीं चाहते थे कि बडे पैमाने पर हिंसा भडके। अफगानिस्तान के राजनीतिज्ञों ने देश छोडने के लिए अशरफ गनी की घोर निंदा की है। इस सप्ताह की शुरूआत में तालिबान ने देश में अंतरिम सरकार गठित करने की घोषणा की। सरकार में सभी पुरूष सदस्य हैं।
Related posts
-
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकसभा को संबोधित किया
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने लोकसभा को संबोधित किया। प्रधानमंत्री मोदी ने स्वीकार किया कि महत्वपूर्ण विधेयक... -
ईरान परमाणु हथियार बनाने में इस्तेमाल होने वाले समृद्ध यूरेनियम को सौंपने पर सहमत: अमेरिकी राष्ट्रपति
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान परमाणु हथियार बनाने में इस्तेमाल... -
फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से फोन पर बात की
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों का फोन आया। बातचीत के दौरान, दोनों...