मध्य प्रदेश में पूर्व उच्च शिक्षा मंत्री और भाजपा नेता डॉ. मोहन यादव राज्य के नए मुख्यमंत्री होंगे। राजेंद्र शुक्ल और जगदीश देवड़ा मध्य प्रदेश के उप मुख्यमंत्री होंगे। आज भोपाल में पार्टी के नवनिर्वाचित विधायकों की बैठक में उन्हें भाजपा विधायक दल का नेता चुना गया। बैठक में भाजपा के वरिष्ठ नेता शिवराज सिंह चौहान ने विधायक दल के नए नेता के तौर पर मोहन यादव के नाम का प्रस्ताव किया। वरिष्ठ नेता नरेंद्र सिंह तोमर, कैलाश विजयवर्गीय, प्रहलाद पटेल सहित अन्य वरिष्ठ नेताओं ने प्रस्ताव का समर्थन किया।
डॉ. मोहन यादव उज्जैन दक्षिण सीट से तीन बार विधायक चुने जा चुके हैं। डॉक्टर यादव वर्ष 2013 में पहली बार यहां से विधायक चुने गए थे। 2018 के विधानसभा चुनाव में वे उज्जैन-दक्षिण सीट से विधायक बने। वर्ष 2020 में दो जुलाई को उन्होंने शिवराज सिंह चौहान मंत्रिमंडल में कैबिनेट मंत्री के रूप में शपथ ली। डॉक्टर यादव छात्र जीवन से ही अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से जुड़े रहे। उन्होंने प्रदेश सहमंत्री से लेकर राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य के तौर पर विभिन्न जिम्मेदारियां भी संभाली है।
डॉ. मोहन यादव को विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद निवर्तमान मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राज्यपाल मंगू भाई पटेल को अपना त्यागपत्र सौंप दिया। मनोनीत मुख्यमंत्री मोहन यादव ने राजभवन में राज्यपाल मंगू भाई सी0 पटेल से मुलाकात की और सरकार बनाने का दावा पेश किया। वरिष्ठ नेता और मौजूदा सरकार में वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा और जनसंपर्क मंत्री राजेन्द्र शुक्ला को उप मुख्यमंत्री बनाया जायेगा। वहीं पूर्व केन्द्रीय कृषि मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर को विधानसभा अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी जायेगी। हालाँकि इस बारे में आधिकारिक पुष्टि का इंतज़ार है।
इस अवसर पर भाजपा आला कमान द्वारा भेजे गये तीनों पर्यवेक्षक हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर, भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉक्टर के लक्ष्मण और भाजपा की राष्ट्रीय सचिव आशा लकड़ा भी मौजूद थी। अपने निर्वाचन के बाद पार्टी विधायकों को संबोधित करते हुए डॉक्टर मोहन यादव ने कहा कि वे पार्टी के छोटे से कार्यकर्ता हैं और इस जिम्मेदारी के लिए वे केन्द्रीय और प्रदेश के नेताओं के आभारी हैं।