प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वैश्विक शासन संस्थानों में सुधार का आह्वान किया है। आज दुबई में वर्ल्ड गवर्नमेंट्स शिखर सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि आज जब हम अपने देश में बदलाव कर रहे हैं तो क्या ग्लोबल गवर्नेंस संस्थाओं में भी सुधार नहीं होना चाहिए। प्रधानमंत्री ने कहा कि हमें विकासशील दुनिया की चिंताओं और वैश्विक निर्णय लेने में ग्लोबल साउथ की भागीदारी को बढ़ावा देना होगा। उन्होंने ग्लोबल साउथ की आवाज सुनने और उनकी प्राथमिकताओं को सामने लाने की जरूरत पर जोर दिया। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि हमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्रिप्टोकरेंसी और साइबर क्राइम जैसी उभरती चुनौतियों के लिए वैश्विक प्रोटोटाइप बनाना होगा। उन्होंने विकासशील देशों की राष्ट्रीय संप्रभुता को प्राथमिकता देने और अंतरराष्ट्रीय कानून की गरिमा बनाए रखने की आवश्यकता पर भी बल दिया।
इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी ने दुबई में संयुक्त अरब अमीरात के उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और रक्षा मंत्री शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम के साथ बातचीत की। बैठक में दोनों देशों के बीच पहले से ही मजबूत साझेदारी को और बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित किया गया। प्रधानमंत्री मोदी अबू धाबी में ‘बोचासनवासी अक्षर पुरूषोत्तम स्वामीनारायण संस्था’ (बीएपीएस) मंदिर का उद्घाटन करेंगे। अबू धाबी में यह पहला हिंदू मंदिर है। प्रधानमंत्री मोदी ने मंदिर निर्माण के लिए जमीन देने में व्यक्तिगत सहयोग और उदारता के लिए संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान को धन्यवाद दिया।