झारखंड के गोड्डा में अडानी पॉवर झारखंड लिमिटेड की दूसरी इकाई ने काम करना शुरू कर दिया है। इस ऊर्जा संयंत्र की आठ सौ मेगावाट बिजली उत्पादन की क्षमता है। कम्पनी ने बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज में सूचीबद्ध होने के साथ ही इस इकाई के चालू होने की घोषणा की। इससे पहले, ऊर्जा संयंत्र में सभी परीक्षणों को सफलतापूर्वक पूरा किया गया।
इस इकाई की स्थापना विशेष रूप से बांग्लादेश को बिजली निर्यात करने के लिए की गई है। इस संयंत्र की पहली इकाई इस वर्ष अप्रैल से काम कर रही है, जिससे बांग्लादेश को बिजली आपूर्ति की जा रही थी। बांग्लादेश पॉवर ग्रिड कम्पनी ने बिजली आपूर्ति के लिए चपईनवाबगंज बॉर्डर से बोग्रा सब-स्टेशन तक एक सौ चौंतीस किलोमीटर लम्बी ट्रांसमिशन लाइन बनाई है। बांग्लादेश अभी भारत से ग्यारह सौ साठ मेगावाट बिजली आयात करता है। उसे पश्चिम बंगाल के बेरहामपुर से एक हज़ार मेगावाट और त्रिपुरा से एक सौ साठ मेगावाट बिजली दी जाती है। भारत एकमात्र देश है जिसके साथ बांग्लादेश सीमापार से बिजली व्यापार कर रहा है।