प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज कहा कि चार भारतीय स्थलों को रामसर मान्यता मिलना देश के लिए गर्व का विषय है। प्रधानमंत्री मोदी ने एक ट्वीट में कहा कि यह एक बार फिर सिद्ध हुआ है कि भारत में सदियों से प्राकृतिक आवास सहेजने और वनस्पति तथा जीव जंतुओं का संरक्षण करने और धरती पर ज्यादा हरियाली करने की परंपरा है।
देश की चार आर्द्र भूमि क्षेत्रों को रामसर सचिवालय ने रामसर स्थल के रूप में मान्यता दी है। यह स्थल गुजरात में थोल और वाधवाना तथा हरियाणा में सुल्तानपुर और भिंडावास हैं। पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने एक ट्वीट में इसकी जानकारी दी। उन्होंने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त की और कहा कि आर्द्र भूमि सरंक्षण पर प्रधानमंत्री का विशेष ध्यान है।
देश में रामसर स्थलों की संख्या 46 हो गई है और ये एक लाख 83 हजार तीन सौ 22 हेक्टेयर भूमि पर फैले हैं।