Categories: News-Headlines

सी-डॉट और IIT रुड़की ने “6G और 140 गीगा हर्ट्ज़ पूर्णतः एकीकृत ट्रांसमीटर और रिसीवर मॉड्यूल विकसित करने” के लिए समझौते पर हस्ताक्षर किए

भारत सरकार के दूरसंचार विभाग (डीओटी) के प्रमुख दूरसंचार अनुसंधान एवं विकास केंद्र सी-डॉट और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, रूड़की (आईआईटी-आर) ने 6जी और उससे आगे” के लिए 140 गीगाहर्ट्ज पूरी तरह से एकीकृत ट्रांसमीटर और रिसीवर मॉड्यूल विकसित करने के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किए।

इस समझौते पर भारत सरकार के दूरसंचार विभाग की दूरसंचार प्रौद्योगिकी विकास निधि (टीटीडीएफ) योजना के अंतर्गत हस्ताक्षर किए गए हैं, जिसे प्रौद्योगिकी डिजाइन, विकास, दूरसंचार उत्पादों के व्यावसायीकरण और समाधानों में सम्म्लित घरेलू कंपनियों और संस्थानों को ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में किफायती ब्रॉडबैंड और मोबाइल सेवाएं सक्षम करने के लिए वित्त पोषण सहायता प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।

“इस समझौते का उद्देश्य 6जी और उससे आगे के अनुप्रयोगों को सक्षम करने के लिए 140 गीगाहर्ट्ज पूरी तरह से एकीकृत ट्रांसमीटर और रिसीवर मॉड्यूल विकसित करना है। इस प्रणाली की नवीनता एक चिप पर टेराहर्ट्ज तरंगों के उत्पादन, ट्रांसमिशन और एंटीना एकीकरण में निहित है; जिससे सिस्टम के आकार में कमी आती है, वजन और बिजली की खपत कम होती है, इसलिए इसे स्मार्टफोन, लैपटॉप आदि जैसे पोर्टेबल उपकरणों में उपयोग के लिए उपयुक्त बनाया गया है। यह चिप प्रति सेकंड कई गीगाबाइट तक की डेटा दरों का समर्थन करेगी, जिससे चिप्स के साथ या बीच में उच्च गति डेटा ट्रांसफर सक्षम हो सकेगा।

इस कार्यक्रम की दूरसंचार अनुसंधान एवं विकास केंद्र (सी-डॉट) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. राजकुमार उपाध्याय; प्रोफेसर साई रामुडु मेका, एसोसिएट डीन (कॉरपोरेट इंटरेक्शन) और प्रोफेसर दर्शक भट्ट, भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) रुड़की के सहायक प्रोफेसर ने शोभा बढाई। इसके अलावा, दूरसंचार अनुसंधान एवं विकास केंद्र (सी-डॉट) के निदेशक, डॉ. पंकज कुमार दलेला और शिखा श्रीवास्तव भी समझौते पर हस्ताक्षर समारोह के दौरान उपस्थित थे।

भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) रुड़की के प्रतिनिधियों ने उल्लेख किया कि वे प्रधानमंत्री के विकासशील भारत@2047 के दृष्टिकोण के अनुरूप अगली पीढ़ी की संचार प्रौद्योगिकियों के विकास में योगदान देने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं और अनुसंधान सहयोग के इस अवसर के लिए सी-डॉट को भी धन्यवाद दिया, जो दूरसंचार क्षेत्र में अनुसंधान क्षमताओं और बुनियादी ढांचे में वृद्धि को बढ़ावा देने के उद्देश्य को मजबूत करता है।

कार्यक्रम में बोलते हुए, दूरसंचार अनुसंधान एवं विकास केंद्र (सी-डॉट) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी, डॉ. राजकुमार उपाध्याय ने कहा, “सिंगल चिप पर विकसित इस प्रौद्योगिकी से सिस्टम के आकार, वजन और बिजली की खपत में काफी कमी आएगी, जिससे यह 6जी उपकरणों में उपयोग के लिए उपयुक्त हो जाएगी। यह अल्ट्रा-लो लेटेंसी के साथ घरेलू 6जी समाधान/एप्लिकेशन बनाने का मार्ग प्रशस्त करेगा।” डॉ. उपाध्याय ने ‘भारत 6जी मिशन’ के व्यापक उद्देश्य को पूरा करने में स्वदेशी रूप से डिजाइन और विकसित 6जी प्रौद्योगिकियों की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया।

दूरसंचार अनुसंधान एवं विकास केंद्र (सी-डॉट) और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी)-रुड़की ने दोहराया कि इस परियोजना के सफल समापन से अगली पीढ़ी के अल्ट्रा-फास्ट, कम-विलंबता वाले 6जी नेटवर्क के विकास में योगदान मिलेगा, जो विभिन्न उद्योग क्षेत्रों में व्यापक परिवर्तन में योगदान देगा।

Leave a Comment

Recent Posts

FIU-IND और PFRDA ने सूचना साझाकरण और समन्वय को बढ़ाने के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर किए

भारत में धन शोधन और वित्तीय अपराधों के खिलाफ लड़ाई को मजबूत करने की दिशा… Read More

5 hours ago

धन-शोधन और वित्तीय अपराधों से निपटने के लिए भारत की वित्तीय खुफिया इकाई और SEBI ने समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए

भारत में धन-शोधन और वित्तीय अपराधों के खिलाफ लड़ाई को मजबूत करने की दिशा में… Read More

5 hours ago

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रिया के फेडरल चांसलर डॉ. क्रिश्चियन स्टॉकर ने डेलीगेशन लेवल की बातचीत की

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रिया के फेडरल चांसलर डॉ. क्रिश्चियन स्टॉकर ने डेलीगेशन लेवल की… Read More

7 hours ago

आईपीएल में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने लखनऊ सुपर जायंट्स को पांच विकेट से हराया

आईपीएल क्रिकेट में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने लखनऊ सुपर जायंट्स को पांच विकेट से हरा… Read More

9 hours ago

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने नई दिल्ली में ब्रिक्स स्वास्थ्य कार्य समूह की पहली बैठक 2026 की मेजबानी की

केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय भारत सरकार ने नई दिल्ली में ब्रिक्स स्वास्थ्य कार्य… Read More

9 hours ago

NHAI ने इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन (ईटीसी) प्रणाली में डेटा की सटीकता और विश्वसनीयता बढ़ाने के लिए सभी फास्टटैग जारीकर्ता बैंकों को निर्देश जारी किए

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन (ETC) प्रणाली में डेटा की सटीकता… Read More

9 hours ago

This website uses cookies.