वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज कहा कि केन्द्र सरकार पेट्रोल पर आठ रुपये प्रति लीटर और डीजल पर छह रुपये प्रति लीटर उत्पाद शुल्क घटा रही है। इससे पेट्रोल पर साढे नौ रुपये प्रति लीटर और डीजल पर सात रुपये प्रति लीटर की कमी होगी।
निर्मला सीतारमण ने एक ट्वीट श्रृंखला में कहा कि इससे सरकार के राजस्व में तकरीबन एक लाख करोड़ रुपये प्रति वर्ष की कमी आएगी। उन्होंने सभी राज्यों से आम लोगों को राहत पहुंचाने के लिए इसी तरह की कटौती करने का आह्वान किया है। पिछली बार नवम्बर में केन्द्र सरकार ने जब केन्द्रीय उत्पाद शुल्क में कटौती की थी तो कई राज्य सरकारों ने इसका लाभ आम लोगों को नहीं दिया था।
निर्मला सीतारमण ने बताया कि इस वर्ष सरकार प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के नौ करोड़ से अधिक लाभार्थियों को प्रति वर्ष 12 सिलेण्डर तक दो सौ रुपये प्रति की सब्सिडी देगी। इससे प्रतिवर्ष सरकार पर छह हजार एक सौ करोड़ रुपये का अतिरिक्त राजस्व भार आएगा। सरकार प्लास्टिक उत्पादों के विनिर्माण में प्रयोग किए जाने वाले कच्चे माल और अन्य पदार्थों के सीमा शुल्क में भी कटौती कर रही है। इससे उत्पादों की लागत में कमी आएगी। इसी तरह लोहा और इस्पात के सीमा शुल्क में भी कमी की जा रही है। इस्पात के कुछ कच्चे माल के आयात शुल्क में भी कटौती की जाएगी। इस्पात उत्पादों पर निर्यात शुल्क लगाया जाएगा। सीमेंट की उपलब्धता बढ़ाने और मालवहन की लागत घटाने के कदम उठाए जा रहे हैं।
