विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा है कि आने वाले समय में कर्मचारी चयन आयोग सभी 22 भारतीय भाषाओं में प्रतियोगी परीक्षाएं आयोजित करेगा। उन्होंने कहा, सरकार का इरादा सभी इच्छुक उम्मीदवारों को भाषाई बाध्यताओं से परे समान अवसर प्रदान करना है। कल नई दिल्ली में भारतीय भाषा शिखर सम्मेलन के समापन सत्र को संबोधित करते हुए डॉ. सिंह ने कहा, इस वर्ष से कर्मचारी चयन आयोग की परीक्षाएं हिन्दी और अंग्रेजी के अलावा 11 क्षेत्रीय भाषाओं के साथ कुल 13 भाषाओं में आयोजित की जा रही है। केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि जेईई, एनईईटी और यूजीसी परीक्षाएं भी बारह भारतीय भाषाओं में आयोजित की जा रही हैं और इस ऐतिहासिक निर्णय से स्थानीय युवाओं की भागीदारी को बढ़ावा और क्षेत्रीय भाषाओं को प्रोत्साहन मिलेगा। केन्द्रीय मंत्री जितेन्द्र सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले नौ वर्षों में भारतीय क्षेत्रीय भाषाओं को बढ़ावा देने की दिशा में उल्लेखनीय प्रगति हुई है।
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