एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में चंद्रयान-2 के ऑर्बिटर और चंद्रयान-3 के लैंडर मॉड्यूल विक्रम के बीच संचार स्थापित हो गया है। अब बेंगलुरु में इसरो के निगरानी और नियंत्रण नेटवर्क के पास अब लैंडर विक्रम के साथ संचार का एक अतिरिक्त चैनल उपलब्ध है। लैंडर विक्रम 23 अगस्त को शाम छह बजकर चार मिनट पर चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव के पास उतरेगा। इसरो ने ट्वीट में कहा है कि चंद्रयान-2 के ऑर्बिटर ने औपचारिक रूप से चंद्रयान-3 के लैंडर मॉड्यूल का स्वागत किया। चंद्रयान-2 के ऑर्बिटर को जुलाई 2019 में अंतरिक्ष में प्रक्षेपित किया गया था। यह अब भी चंद्रमा के चारों ओर चक्कर लगा रहा है। इसरो ने कहा है कि लैंडिंग प्रक्रिया का सीधा प्रसारण 23 अगस्त को शाम पांच बजकर बीस मिनट पर दूरदर्शन के राष्ट्रीय चैनल और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध होगा।
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