Categories: News-Headlines

केंद्रीय क्षेत्र के श्रमिकों के लिए न्यूनतम मजदूरी की दर में संशोधन किया गया

ऐसे समय में जब देश कोविड-19 महामारी से जूझ रहा है, केंद्रीय क्षेत्र में विभिन्न अनुसूचित रोजगारों में लगे विभिन्न श्रेणी के श्रमिकों को एक बड़ी राहत देते हुए, श्रम और रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार ने 1.10.2021 से प्रभाव के साथ परिवर्तनीय महंगाई भत्ता (वीडीए) दर को अधिसूचित और संशोधित किया है।

वीडीए औद्योगिक श्रमिकों के लिए औसत उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई-आईडब्ल्यू) के आधार पर संशोधित किया जाता है। यह मूल्य सूचकांक श्रम ब्यूरो (श्रम और रोजगार मंत्रालय से संबद्ध कार्यालय) द्वारा संकलित किया जाता है। वीडीए में इस संशोधन के लिए इस साल जनवरी से जून के महीनों के लिए औसत सीपीआई-आईडब्ल्यू का इस्तेमाल किया गया है।

श्रम एवं रोजगार, पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव ने कहा कि इससे देश भर में केंद्रीय क्षेत्र में विभिन्न अनुसूचित रोजगार में लगे लगभग 1.5 करोड़ श्रमिकों को लाभ होगा यानी (क) सड़कों, रनवे का निर्माण, रखरखाव, भवन संचालन आदि; (ख) स्वच्छता और सफाई; (ग) लोडिंग और अनलोडिंग; (घ) वॉच और वार्ड; (ड.) खान और (च) कृषि क्षेत्रों में काम करने वाले श्रमिक। उन्होंने कहा कि यह “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” के प्रधानमंत्री के दृष्टिकोण के अनुरूप है और यह वृद्धि एक अक्टूबर, 2021 से प्रभावी होगी। भूपेंद्र यादव ने साथ ही इन सभी राष्ट्र निर्माताओं को दीपावली की शुभकामनाएं दीं।

इस कदम से देश भर में केंद्रीय क्षेत्र में विभिन्न अनुसूचित रोजगारों में लगे लगभग 1.50 करोड़ श्रमिकों को लाभ होगा। इस परिवर्तनीय महंगाई भत्ते (वीडीए) में बढ़ोतरी से इन श्रमिकों को विशेष रूप से महामारी के इस समय में मदद मिलेगी।

केंद्रीय क्षेत्र में अनुसूचित रोजगार के लिए निर्धारित दरें केंद्र सरकार, रेलवे प्रशासन, खानों, तेल क्षेत्रों, प्रमुख बंदरगाहों या केंद्र सरकार द्वारा स्थापित किसी भी निगम के प्राधिकरण के तहत प्रतिष्ठानों पर लागू होती हैं। ये दरें संविदा और आकस्मिक कर्मचारियों/कर्मचारियों पर समान रूप से लागू हैं।

डी पी एस नेगी, मुख्य श्रम आयुक्त (केंद्रीय) ने कहा कि केंद्रीय क्षेत्र के तहत अनुसूचित रोजगार के संबंध में न्यूनतम मजदूरी (वीडीए) को वर्ष में दो बार, यानी एक अप्रैल और एक अक्टूबर को संशोधित किया जाता है। यह संशोधन श्रम ब्यूरो द्वारा जारी ‘औद्योगिक श्रमिकों के लिए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक’ के आधार पर किया जाता है। श्रम ब्यूरो, श्रम और रोजगार मंत्रालय का एक संबद्ध कार्यालय है।इसके अलावा, राजपत्रित सूचना के अनुसार, इस आदेश के लिए विचाराधीन अवधि जनवरी से जून, 2021 तक है।

केंद्रीय क्षेत्र में अनुसूचित रोजगार में लगे कर्मचारियों/श्रमिकों के लिए देश भर में न्यूनतम मजदूरी अधिनियम का कार्यान्वयन मुख्य श्रम आयुक्त (केंद्रीय) संगठन के निरीक्षण अधिकारियों के माध्यम से सुनिश्चित किया जाता है।

Khushi Bhargav

I am Khushi Bhargav a passionate Content Writer at Vikral News, who loves to share informative and engaging content on Trending News, Lifestyle, Entertainment, Current Affairs, and Viral Stories.

Leave a Comment

Recent Posts

1 जून से 30 जून तक देशभर में चलेगा “खेत बचाओ अभियान”

केंद्रीय कृषि मंत्री Shivraj Singh Chouhan ने कहा है कि “खेत बचाओ अभियान” सिर्फ जागरूकता… Read More

13 hours ago

गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के भुज में सीमा संबंधी विषयों पर बैठक की अध्यक्षता की

केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के भुज में भारत-पाकिस्तान सीमा (IPB) से लगे… Read More

13 hours ago

JEE Advanced 2026 के नतीजे घोषित, उम्मीदवारों के लिए रैंक, स्कोर और कटऑफ से जुड़ी अहम जानकारी सामने आई।

JEE Advanced 2026 Result: रिजल्ट, रैंक और कटऑफ को लेकर बड़ी अपडेट देश की सबसे… Read More

13 hours ago

This website uses cookies.