Categories: News-Headlines

रेल कौशल विकास योजना के तहत पहले बैच के सफल प्रशिक्षुओं को स्वरोजगार टूलकिट और प्रमाण पत्र प्रदान किए गए

भारतीय रेल की उत्पादन इकाई, बनारस रेल इंजन कारखाना (बीएलडब्ल्यू) ने 13.10.2021 को रेल कौशल विकास योजना (आरकेवीवाई) के तहत सफल प्रशिक्षुओं को स्वरोजगार टूलकिट और प्रमाण पत्र प्रदान करने के लिए एक समारोह का आयोजन किया। रेल कौशल विकास योजना (आरकेवीवाई) के तहत बीएलडब्ल्यू द्वारा तकनीकी ट्रेडों जैसे, इलेक्ट्रीशियन, फिटर, मशीनिस्ट और वेल्डर के पहले बैच के प्रशिक्षण के लिए आयोजित 100 घंटे के प्रशिक्षण कार्यक्रम के पूरा होने के बाद प्रशिक्षुओं को स्वरोजगार टूलकिट और प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। 13.10.2021 को कुल 54 प्रशिक्षुओं को टूलकिट और प्रमाण पत्र दिए गए। प्रशिक्षुओं ने प्रशिक्षण पूरा होने पर काफी संतोष व्यक्त किया है। उन्होंने अपने मौजूदा ज्ञान में वृद्धि और अपने आत्मविश्वास को बढ़ाने में इस प्रशिक्षण को काफी उपयोगी पाया है।

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 17.09.2021 को आरकेवीवाई कार्यक्रम को शुरू किया था। आरकेवीवाई कार्यक्रम रेलवे प्रशिक्षण संस्थानों के माध्यम से उद्योग से संबंधित कौशल में शुरुआती स्तर का प्रशिक्षण प्रदान करके स्थानीय युवाओं को सशक्त बनाता है। देशी की स्वतंत्रता की 75वीं वर्षगाँठ पर चल रहे आजादी का अमृत महोत्सव के तहत, यह कार्यक्रम इस देश के युवाओं का आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए प्रधानमंत्री के विजन को आगे बढ़ाने का प्रयास करता है। यह आरकेवीवाई कार्यक्रम आत्मनिर्भर भारत के सपने को साकार करने के लिए जारी कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय (एमएसडीई) की एक योजना ‘प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (पीएमकेवीवाई)’ के तत्वावधान में शुरू किया गया है। पूरे भारत में फैले 75 रेलवे प्रशिक्षण संस्थानों में तीन साल की अवधि में कुल 50,000 युवाओं को प्रशिक्षित किया जाएगा।

बनारस रेल इंजन कारखाना को आरकेवीवाई कार्यक्रम के कार्यान्वयन के लिए नोडल एजेंसी बनाया गया है। बनारस रेल इंजन कारखाना ने इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए पाठ्यक्रम सामग्री और मूल्यांकन प्रक्रिया विकसित की है।

आरकेवीवाई कार्यक्रम के लिए प्रशिक्षुओं का चयन खुले विज्ञापन और पारदर्शी शॉर्ट-लिस्टिंग तंत्र के माध्यम से किया जाता है। प्रशिक्षुओं को 100 घंटे का व्यावहारिक और सैद्धांतिक प्रशिक्षण दिया जाता है। प्रशिक्षण के बाद, सभी प्रशिक्षुओं का एक मानकीकृत मूल्यांकन किया जाता है और सफल प्रशिक्षुओं को प्रमाण पत्र से सम्मानित किया जाता है।

बनारस रेल इंजन कारखाना ने सभी सफल प्रशिक्षुओं को प्रशिक्षण के ट्रेड से संबंधित टूलकिट प्रदान करने के लिए एक अनूठी पहल की है। यह टूलकिट प्रशिक्षुओं को उनके कौशल और आत्मविश्वास को बढ़ाने में मदद करेगा। यह टूलकिट प्रशिक्षुओं को उनके सीखने, स्वरोजगार की क्षमता के साथ-साथ विभिन्न उद्योगों में रोजगार की क्षमता का उपयोग करने में भी मदद करेगा। इन टूलकिटों को कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) के तहत उद्योग भागीदार द्वारा प्रदान किया गया है।

Leave a Comment

Recent Posts

1 जून से 30 जून तक देशभर में चलेगा “खेत बचाओ अभियान”

केंद्रीय कृषि मंत्री Shivraj Singh Chouhan ने कहा है कि “खेत बचाओ अभियान” सिर्फ जागरूकता… Read More

5 hours ago

गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के भुज में सीमा संबंधी विषयों पर बैठक की अध्यक्षता की

केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के भुज में भारत-पाकिस्तान सीमा (IPB) से लगे… Read More

6 hours ago

JEE Advanced 2026 के नतीजे घोषित, उम्मीदवारों के लिए रैंक, स्कोर और कटऑफ से जुड़ी अहम जानकारी सामने आई।

JEE Advanced 2026 Result: रिजल्ट, रैंक और कटऑफ को लेकर बड़ी अपडेट देश की सबसे… Read More

6 hours ago

This website uses cookies.