Categories: News-Headlines

रूपाणी सरकार के 5 साल पूरे, कुछ उपलब्धियों की झलक

गुजरात के 16वें मुख्यमंत्री के रूप में विजय रूपाणी ने नेतृत्व वाली सरकार ने अपने पांच साल पूरे कर लिए हैं। इस मौके पर राज्य सरकार ने कई कार्यक्रम आयोजित किए। पीएम मोदी और अमित शाह भी वर्चुअली इन कार्यक्रमों से जुड़े। गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी राज्य के चौथे ऐसे मुख्यमंत्री हैं जिन्होंने अभी तक 1825 दिनों तक राज्य की सत्ता संभाली है। उनसे पहले नरेंद्र मोदी ने गुजरात में सबसे ज्यादा 4,610 दिन शासन किया है, उसके बाद हितेंद्र देसाई ने 2062 दिनों और माधव सिंह सोलंकी ने 2049 दिनों तक शासन किया है। उनके नेतृत्व में गुजरात सरकार ने पिछले 5 वर्षों में कई उल्लेखनीय फ़ैसले लिए हैं।

औद्योगिक क्षेत्र में अपनी बेहतर नीतियों और ईज़ ऑफ डुइंग बिज़नेस पॉलिसी के कारण गुजरात हमेशा से आगे रहा है और इसी के फलस्वरूप 2020-21 में गुजरात को देश में सबसे अधिक निवेश प्राप्त हुआ। गुजरात को कुल 30.23 अरब अमेरिकी डॉलर का एफडीआई मिला है। गुजरात ने लगातार चौथे साल देश में शीर्ष स्थान बरकरार रखा है। 37 फीसदी हिस्सेदारी के साथ गुजरात, देश की राजधानी दिल्ली और आर्थिक राजधानी मुंबई समेत अन्य सभी राज्यों से आगे है।

गुजरात सरकार ने जल संरक्षण के क्षेत्र में बेहतरीन काम किया है। वर्ष 2018 में जनभागीदारी से शुरू किए गए सुजलाम सुफलाम जल अभियान ने उस राज्य की तस्वीर बदल दी जिसके रेगिस्तान में कभी जल का अकाल था। अभी हाल ही में पीएम मोदी ने कहा है कि वो दिन दूर नहीं है जब गुजरात नल से जल योजना का 100 फीसदी का लक्ष्य पूरा कर लेगा। जल शक्ति मंत्रालय ने जल जीवन मिशन के तहत वर्ष 2021-22 के लिए गुजरात को 3411 करोड़ रुपये आवंटित भी किए गए हैं। गुजरात में 92.92 लाख ग्रामीण घर हैं, जिनमें से अब 77.21 लाख (83%) घरों में पाइप से पानी की आपूर्ति हो रही है। सरदार सरोवर डैम में आज इतना पानी है कि गुजरात में बारिश ना भी हो तो भी राज्य में पानी की कमी नहीं होगी। जलाशय का जलस्तर पहली बार 121.92 मीटर से बढ़कर 138.68 मीटर हो गया है।

गुजरात सरकार ने पर्यावरण को संरक्षित करने के लिए रिन्यूएबल एनर्जी की दिशा में कई अनुकरणनीय कदम उठाए हैं। देश के 25 प्रतिशत सोलर रूफटॉप्स के साथ गुजरात टॉप पर है। राज्य में इसी साल नई सौर ऊर्जा नीति की घोषणा भी की गई है। राज्य सरकार हर साल जलवायु परिवर्तन के लिए 5,000 करोड़ रुपये से अधिक का बजट देती रही है। गुजरात में दुनिया का सबसे बड़ा हाइब्रिड एनर्जी पार्क बन रहा है जहां 30,000 मेगावाट बिजली उत्पादित की जाएगी। अपने क्लीन एनर्जी के मकसद के लिए गुजरात सरकार ने ई-व्हीकल पॉलिसी भी बनाई है जिसके तहत राज्य सरकार प्रति वाहन 20 हजार से डेढ़ लाख तक की सब्सिडी देगी।

आज गुजरात, विश्व के मानचित्र पर ग्लोबल टूरिस्ट डेस्टिनेशन की सूची में अपना नाम बना चुका है। गुजरात में पावागढ़ के पास चंपानेर, पाटन में रानी की वाव, एतिहासिक शहर और हड़प्पनकाली शहर धोलावीरा, यूनेस्कों की वर्ल्ड हैरिटेज लिस्ट में शामिल हैं। विश्व की सबसे ऊंची प्रतिमा स्टैच्यू देखने वालों की संख्या न्यूयॉर्क के स्टेच्यू ऑफ लिबर्टी से कहीं ज़्यादा है। गुजरात के शिवराजपुर बीच को अपनी स्वच्छता और सुंदरता के लिए इंटरनेशनल ब्लू फ्लैग टेग भी मिला है। गुजरात की साइंस सिटी में रोबोटिक्स गैलरी, एक्वॉटिक गैलरी, डायनासोर पार्क भी टूरिज़्म को बढ़ावा दे रहा है। गुजरात का सूरत, अहमदाबाद, राजकोट, गांधीनगर भारत के सबसे स्वच्छ 20 शहरों की श्रेणी में आते हैं।

शिक्षा के क्षेत्र में गुजरात सरकार ने ज्ञानकुंज परियोजना, स्कूल ऑन व्हील्स, गुजरात में अध्ययन, कमांड कंट्रोल सेंटर 2.0 आदि जैसी पहलें शुरू की। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) लागू करने वाला गुजरात देश का पहला राज्य बना। ‘स्टडी इन गुजरात’ अभियान ने गुजरात की यूनिवर्सिटीज़ को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जोड़ा। आज गुजरात की कई यूनिवर्सिटीज़ में विदेशी छात्र शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं।

गुजरात भारत के अग्रणी औद्योगिक राज्यों में से एक है। 2020 से 2021 तक गुजरात सकल घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) 16.59 ट्रिलियन (267.40 बिलियन यूएस डॉलर) रुपये था। गुजरात का कांडला स्पेशल इकोनॉमिक ज़ोन (KASEZ), प्लैटिनम रेटिंग प्राप्त करने वाला भारत का “पहला हरित औद्योगिक शहर” बन गया है। मज़बूत बुनियादी ढांचे से उद्योगों को मज़बूती मिलती है इसलिए राज्य सरकार ने बजट 2021-22 में सड़क एवं भवन विभाग के लिए 11185 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।

किसी भी राज्य की गाड़ी तभी सुचारू रूप से चलती है जब वहां कानून और प्रशासन कड़ाई से काम करे। साल 2018 से ही ई-गुजकॉप एप्लिकेशन की मदद से राज्य में बेहतरीन काम हुआ है। पुलिस अधिकारियों को आसानी से अपराधियों के बारे में जानकारी मिल जाती है जिससे वह जल्द से जल्द कार्रवाई कर पाते हैं। गुजरात ने पुलिस और सर्विस सेक्टर में SKOCH अवॉर्ड भी हासिल किया है। पिछले साल गुजरात पुलिस, ‘प्रेसिडेंट कलर्स’ पाने वाली 7वीं राज्य पुलिस बनी थी।

अपने विकास कार्यों में गुजरात सरकार ने किसानों, महिलाओं, आदिवासी जनजाति, युवाओं समेत समाज के हर वर्ग को शामिल किया है। गुजरात के सामने इन 5 वर्षों में कई बार मुश्किल हालात आए जिनका सामना करने के लिए कई बड़े और कड़े फ़ैसले किए गए। गुजरात देश का पहला राज्य था जहां कोरोना का सबसे पहला केस आया था और आज गुजरात उन राज्यों में शुमार हैं जहां सबसे अधिक टीकाकरण किया गया है। कोरोना के समय गुजरात आत्मनिर्भर पैकेज के तहत 14,000 करोड़ की घोषणा की गई, 80% जनता को फ्री राशन दिया गया। गुजरात की लगभग आधी आबादी का वैक्सीनेशन भी पूरा हो चुका है।

ताउते तूफ़ान की प्राकृतिक आपदा ने भी गुजरात के कई हिस्सों को तहस-नहस कर दिया। जिससे ऊबरने के लिए राज्य सरकार द्वारा 1000 करोड़ रुपए के रिलीफ़ फंड की घोषणा की गई। मछुआरों के लिए 105 करोड़ के राहत पैकेज की घोषणा की गई और किसानों के लिए 500 करोड़ रुपए की सहायता राशि आवंटित की गई। कुल मिलाकर रूपाणी सरकार का 5 साल का सफ़र किसी भ्रष्टाचार के बिना सुचारू रूप से चला। गुजरात के नागरिकों को रूपाणी सरकार का काम कितना अच्छा लगा ये तो अगले विधानसभा चुनाव ही तय करेंगे।

Leave a Comment

Recent Posts

FIU-IND और PFRDA ने सूचना साझाकरण और समन्वय को बढ़ाने के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर किए

भारत में धन शोधन और वित्तीय अपराधों के खिलाफ लड़ाई को मजबूत करने की दिशा… Read More

13 hours ago

धन-शोधन और वित्तीय अपराधों से निपटने के लिए भारत की वित्तीय खुफिया इकाई और SEBI ने समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए

भारत में धन-शोधन और वित्तीय अपराधों के खिलाफ लड़ाई को मजबूत करने की दिशा में… Read More

13 hours ago

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रिया के फेडरल चांसलर डॉ. क्रिश्चियन स्टॉकर ने डेलीगेशन लेवल की बातचीत की

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रिया के फेडरल चांसलर डॉ. क्रिश्चियन स्टॉकर ने डेलीगेशन लेवल की… Read More

15 hours ago

आईपीएल में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने लखनऊ सुपर जायंट्स को पांच विकेट से हराया

आईपीएल क्रिकेट में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने लखनऊ सुपर जायंट्स को पांच विकेट से हरा… Read More

17 hours ago

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने नई दिल्ली में ब्रिक्स स्वास्थ्य कार्य समूह की पहली बैठक 2026 की मेजबानी की

केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय भारत सरकार ने नई दिल्ली में ब्रिक्स स्वास्थ्य कार्य… Read More

17 hours ago

NHAI ने इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन (ईटीसी) प्रणाली में डेटा की सटीकता और विश्वसनीयता बढ़ाने के लिए सभी फास्टटैग जारीकर्ता बैंकों को निर्देश जारी किए

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन (ETC) प्रणाली में डेटा की सटीकता… Read More

17 hours ago

This website uses cookies.