मौजूदा वित्त वर्ष की अप्रैल से जून की पहली तिमाही में देश का सकल घरेलू उत्पाद 20 दशमलव एक प्रतिशत के उछाल में रहा। सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय द्वारा आज जारी आंकडों के अनुसार सकल घरेलू उत्पाद- जी डी पी में वृद्धि के ये अब तक के उच्चतम तिमाही आंकडे हैं।
वर्ष 2011-12 के तय मूल्यों के आधार पर वित्त वर्ष 2021-22 की पहली तिमाही के जी डी पी को 32 लाख 38 हजार करोड रूपए आका गया है। पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में ये आंकडा 26 लाख 95 हजार करोड रूपए था। वार्षिक आधार पर ये 20 दशमलव एक प्रतिशत का उछाल है। जी डी पी में ये उच्च वृद्धि, कोविड-19 को नियंत्रण में लाने के लिए लगाए गए लॉकडाउन के बाद अर्थव्यवस्था के खुलने के बीच आयी। इसके अलावा, वित्त वर्ष 2020-21 की पहली तिमाही में जी डी पी में आयी 24 दशमलव चार प्रतिशत की गिरावट से भी निम्न आधार का प्रभाव जी डी पी के ताजा आंकडों पर दिखायी दिया।
कोरोना संक्रमण की भयानक दूसरी लहर के बाद विनिर्माण क्षेत्र में आयी तीव्र गति के बल पर आर्थिक वृद्धि में पिछले वर्ष की भारी गिरावट की तुलना में मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही में महत्वपूर्ण सुधार दर्ज हुआ।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने तमिलनाडु के कोयंबटूर में हुई दुर्घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया… Read More
भारत ने आधिकारिक रूप से पुष्टि की है कि उसे ब्रिटेन और फ्रांस के नेतृत्व… Read More
लोकसभा में कल संविधान (एक सौ इकतीसवां संशोधन) विधेयक पारित नहीं हो सका। इस विधेयक… Read More
निर्वाचन आयोग ने विधानसभा चुनाव से पहले तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में 865 करोड़ रुपये… Read More
आईपीएल क्रिकेट में कल रात अहमदाबाद में गुजरात टाइटंस ने कोलकाता नाईट राइडर्स को पांच… Read More
सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय ने लॉजिस्टिक्स दक्षता बढ़ाने और इस क्षेत्र के लिए… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment