Categories: News-Headlines

मॉनसून की उत्तरी सीमा (एनएलएम) दीव, सूरत, नंदुरबार, भोपाल, नौगांव, हमीरपुर, बाराबंकी, बरेली, सहारनपुर, अंबाला और अमृतसर से होकर गुज़र रही

मॉनसून की उत्तरी सीमा (एनएलएम) इस समय 20.5° उत्तरी अक्षांश/ 60° पूर्वी देशांतर, दीव, सूरत, नंदुरबार, भोपाल, नौगांव, हमीरपुर, बाराबंकी, बरेली, सहारनपुर, अंबाला और अमृतसर से होकर गुज़र रही है।

पश्चिमी हवाओं के मध्य अक्षांश पर तेज़ होने के कारण उत्तर-पश्चिमी भारत के बाकी हिस्सों में मॉनसून के आगे बढ़ने की गति धीमी होने की संभावना है। मॉनसून की प्रगति पर निरंतर निगरानी रखी जाएगी और दैनिक आधार पर अपडेट उपलब्ध कराया जाएगा।

निम्न दबाव का क्षेत्र झारखंड और इससे सटे भागों के ऊपर बना हुआ है और इससे साथ ही बना चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र मध्य क्षोभमंडल (ट्रोपोस्फीयर) तक बना हुआ है। इसके पश्चिमी और उत्तर-पश्चिमी दिशा में बढ़ने की संभावना है। पश्चिमी राजस्थान से उत्तर-पूर्वी बंगाल की खाड़ी के बीच एक ट्रफ बना हुआ है। एक अन्य ट्रफ अरब सागर के मध्य-पूर्वी हिस्सों से दक्षिणी कोंकण तक बना हुआ है। दक्षिणी महाराष्ट्र के तटीय भागों से उत्तरी तटीय केरल के बीच भी तटीय ट्रफ सक्रिय है।

इन सभी मौसमी सिस्टमों के प्रभाव से संभावित मौसमी बदलाव:

पूर्वी, मध्य और उत्तर-पूर्वी भारत में अगले 4-5 दिनों के दौरान अधिकांश स्थानों पर बारिश के साथ एक-दो स्थानों पर बादलों की तेज़ गर्जना होने और बिजली गिरने की संभावना है। इन क्षेत्रों में आगामी 4 दिनों के दौरान अति भीषण बारिश हो सकती है। बिहार में 15 जून को एक-दो स्थानों पर मूसलाधार बारिश हो सकती है।

कोंकण गोवा, कर्नाटक, केरल और माहे में अगले 4 दिनों के दौरान अधिकांश स्थानों पर बारिश होने का अनुमान है। इन भागों में एक-दो स्थानों पर भारी से अति भारी बारिश के साथ बादलों की गर्जना होने और बिजली गिरने की आशंका है। कोंकण गोवा और तटीय कर्नाटक में 14 और 15 जून को अत्यंत भारी बारिश हो सकती है।
उत्तर-पश्चिम भारत में अगले 3 दिनों के दौरान कुछ स्थानों पर गर्जना और बिजली कड़कने के साथ बारिश होने का अनुमान है। उसके बाद पूर्वी उत्तर प्रदेश को छोड़कर बाकी हिस्सों में बारिश की गतिविधियां कम हो जाएंगी जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश में अधिकांश स्थानों पर वर्षा जारी रहेगी। पूर्वी उत्तर प्रदेश में अगले 5 दिनों के दौरान ज़बरदस्त बारिश हो सकती है। 15 जून को पूर्वी उत्तर प्रदेश में बारिश की तीव्रता सबसे अधिक होगी।

उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान और बिहार में 14 और 15 जून को जबकि झारखंड में 14 जून को और पंजाब व हरियाणा में 15 जून को बादलों की मध्यम से तेज़ गर्जना के साथ कई बार बिजली कड़कने की घटनाएँ हो सकती हैं। तेज़ हवाएँ भी चलेंगी। इन प्राकृतिक घटनाओं के कारण घर से बाहर काम करने वालों और मवेशियों के लिए खतरा पैदा हो सकता है।

Leave a Comment

Recent Posts

भारत बनाम इंग्लैंड दूसरा वनडे: जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी से इंग्लैंड की शानदार जीत, सीरीज 1-1 से बराबर

भारत बनाम इंग्लैंड दूसरा वनडे: जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी से इंग्लैंड… Read More

19 hours ago

ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम की बड़ी चुनौती, नए सीजन में जीत की लय बरकरार रखने पर नजर

ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम की बड़ी चुनौती, नए सीजन में जीत की लय बरकरार रखने पर… Read More

22 hours ago

प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना को बड़ी सौगात, 12 राज्यों को ₹10,021 करोड़ जारी

प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना को बड़ी सौगात, 12 राज्यों को ₹10,021 करोड़ जारी नई दिल्ली:… Read More

23 hours ago

बांग्लादेश बनाम जिम्बाब्वे: दूसरे टी20 में सीरीज बचाने उतरेगा बांग्लादेश, जिम्बाब्वे की नजर सीरीज जीत पर

बांग्लादेश बनाम जिम्बाब्वे: दूसरे टी20 में सीरीज बचाने उतरेगा बांग्लादेश, जिम्बाब्वे की नजर सीरीज जीत… Read More

23 hours ago

पेट्रोल-डीजल की कीमतों को नियंत्रित करने के लिए मूल्य स्थिरीकरण कोष के इस्तेमाल की मांग तेज

पेट्रोल-डीजल की कीमतों को नियंत्रित करने के लिए मूल्य स्थिरीकरण कोष के इस्तेमाल की मांग… Read More

2 days ago

दिल्ली MCD वार्ड समिति चुनाव में BJP का शानदार प्रदर्शन, कई जोन में AAP को झटका

दिल्ली MCD वार्ड समिति चुनाव में BJP का शानदार प्रदर्शन, कई जोन में AAP को… Read More

2 days ago

This website uses cookies.