फ्रांस ने अत्याधुनिक सैन्य प्रौद्योगिकी में भारत को सहयोग की प्रतिबद्धता व्यक्त की है। उसने भारत के साथ साझेदारी को अपनी हिंद-प्रशांत सामरिक नीति का प्रमुख स्तंभ बताया। फ्रांस ने स्थानीय शक्ति के रूप में हिंद-प्रशांत क्षेत्र के प्रति अपनी वचनबद्धता जारी रखने पर बल दिया।
यात्रा के दौरान अजीत डोभाल ने फ्रांस के रक्षामंत्री फ्लोरेंस पार्ली से मुलाकात की। पेरिस स्थित भारतीय दूतावास ने ट्वीट में बताया कि दोनों पक्षों ने द्विपक्षीय और क्षेत्रीय सहयोग बढ़ाने के उपायों, नए प्रकार के खतरों से निपटने और भारतीय रक्षा क्षेत्र के औद्योगिकरण तथा आत्मनिर्भरता में सहयोग पर चर्चा की। अजीत डोभाल ने फ्रांस के विदेश मंत्री ज्यां ईव ल्द्रयां से भी मुलाकात की।
आधिकारिक वक्तव्य के अनुसार दोनों देश द्विपक्षीय रक्षा और सुरक्षा संबंधी साझेदारी मजबूत करने पर सहमत हुए। समुद्री क्षेत्र, अंतरिक्ष और साइबर मामलों में भी नई पहल की जाएंगी। फ्रांस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत दृष्टिकोण और रक्षा क्षेत्र के औद्योगिकरण, संयुक्त शोध तथा भारत में प्रौद्योगिकी विकास को पूरा समर्थन देने की वचनबद्धता दोहराई है।
दोनों देश इस बात पर भी सहमत हुए कि वैश्विक मामलों में नए रूझानों से साझेदारी को और आगे बढ़ाने की जरूरत है। इसमें संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद और संयुक्त राष्ट्र के अन्य मंचों में सुधार भी शामिल है। अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन पर भारत-फ्रांस की सफल पहल के आधार पर दोनों देशों ने असैनिक परमाणु ऊर्जा और हरित हाइड्रोजन सहित स्वच्छ ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग तेज करने पर भी जोर दिया।
आज विश्व धरोहर दिवस है। यह दिन सांस्कृतिक और प्राकृतिक विरासत की विविधता, संवेदनशीलता और… Read More
ब्रॉडकास्ट इंजीनियरिंग कंसल्टेंट्स इंडिया लिमिटेड (बेसिल) ने उन्नत प्रौद्योगिकियों, डिजिटल परिवर्तन और क्षमता विकास के… Read More
केंद्र सरकार ने किसानों के हित में एक महत्वपूर्ण और राहतभरा निर्णय लेते हुए उत्तर… Read More
अमेरिका ने रूस से पेट्रोलियम उत्पाद खरीदने संबंधी, छूट को एक महीने के लिए बढ़ा… Read More
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज कृषि क्षेत्र की वर्तमान स्थिति तथा आगामी… Read More
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आज केंद्रीय मंत्रिमंडल ने घरेलू बीमा पूल के निर्माण… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment