केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सरकार के राजस्व आधार में सुधार करके आर्थिक गतिविधि के स्तर को बढ़ाने, अतिरिक्त वित्तीय गुंजाइश के निर्माण के लिए अच्छी तरह से विकसित बुनियादी ढांचे के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने अमेरिकन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स इन इंडिया की 29वीं वार्षिक आम बैठक के दौरान ‘वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में भारत को बढ़ावा देने वाला बुनियादी ढांचा’ विषय पर अपने संबोधन में कहा कि भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार पिछले दो दशकों में 16 अरब डॉलर से बढ़कर 149 अरब डॉलर हो गया हैऔर इसके 2025 तक 500 अरब डॉलर से अधिक होने का अनुमान है। मंत्री ने कहा कि भारत और अमेरिका के बीच प्रौद्योगिकी हस्तांतरण, नवाचार और अनुसंधान एवं विकास की गुंजाइश को और तलाशा जाना चाहिए।
नितिन गडकरी ने कहा कि अगले पांच वर्षों में 5,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के भारत के सपने को पूरा करने में बुनियादी ढांचे का विकास महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार राष्ट्रीय अवसंरचना पाइपलाइन (एनआईपी) के माध्यम से बुनियादी ढांचे के विकास में 1,400 अरब डॉलर का निवेश कर रही है और जल्द ही देश में समग्र एवं एकीकृत बुनियादी ढांचे के विकास के लिए 100 लाख करोड़ रुपये से अधिक की प्रधानमंत्री गतिशक्ति योजना का राष्ट्रीय मास्टर प्लान शुरू करेगी। उन्होंने कहा कि गतिशक्ति मास्टर प्लान एनआईपी कार्यक्रम के लिए रूपरेखा प्रदान करेगा और इसका उद्देश्य आपूर्ति श्रृंखला में सुधार के लिए रसद लागत में कटौती करके भारतीय उत्पादों को अधिक प्रतिस्पर्धी बनाना है।
नितिन गडकरी ने कहा कि भारत में लगभग 60 लाख किलोमीटर का सड़क नेटवर्क है जो दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा सड़क नेटवर्क है। भारतीय अर्थव्यवस्था में सड़क अवसंरचना एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है क्योंकि 70% माल और लगभग 90% यात्री आवाजाही के लिए यातायात सड़क नेटवर्क का इस्तेमाल करते हैं। उन्होंने कहा कि न केवल आपूर्ति श्रृंखला के दृष्टिकोण से बल्कि इसका इस्तेमाल करने वाले माल और यात्री यातायात के सबसे बड़े हिस्से के लिए भी इस नेटवर्क का रखरखाव और विस्तार महत्वपूर्ण है।
नितिन गडकरी ने कहा कि बुनियादी ढांचे में दीर्घकालिक निवेश को बढ़ावा देने के लिए सरकार एक नई विकास वित्त संस्था डीएफआर स्थापित करने की प्रक्रिया में है। संस्था को 20,000 करोड़ रुपये के पूंजी आधार पर स्थापित किया जा रहा है और तीन वर्षों में पांच लाख करोड़ रुपये का ऋण देने का लक्ष्य होगा। उन्होंने कहा कि सरकार बड़े पैमाने पर एकीकृत अंतर्देशीय जलमार्ग, हवाई संपर्क और सड़क नेटवर्क विकसित कर रही है।
नितिन गडकरी ने कहा कि भारत इलेक्ट्रिक दोपहिया, तिपहिया और कारों के लिए सबसे बड़ा इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) बाजार बन रहा है। उन्होंने कहा कि अमेरिकी कंपनियां ईवी बैटरी प्रौद्योगिकियों और रेट्रोफिटिंग उद्योग के लिए हमारे अनुसंधान और विकास के साथ सहयोग कर सकती हैं।
नितिन गडकरी ने कहा कि हम गुणवत्ता, लागत प्रभावशीलता और स्थिरता से समझौता किए बिना दुनिया की सर्वश्रेष्ठ तकनीक को अपनाने के लिए तैयार हैं। मंत्री ने कहा कि वह हमेशा कहते थे कि अमेरिकी सड़कें इस वजह से अच्छी नहीं हैं क्योंकि अमेरिका समृद्ध है, बल्कि अमेरिका इस वजह से समृद्ध है क्योंकि अमेरिकी सड़कें अच्छी हैं। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य इस देश में समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण, लागत प्रभावी और टिकाऊ विश्व स्तर के बुनियादी ढांचे का विकास करना है।
भारत में धन शोधन और वित्तीय अपराधों के खिलाफ लड़ाई को मजबूत करने की दिशा… Read More
भारत में धन-शोधन और वित्तीय अपराधों के खिलाफ लड़ाई को मजबूत करने की दिशा में… Read More
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रिया के फेडरल चांसलर डॉ. क्रिश्चियन स्टॉकर ने डेलीगेशन लेवल की… Read More
आईपीएल क्रिकेट में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने लखनऊ सुपर जायंट्स को पांच विकेट से हरा… Read More
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय भारत सरकार ने नई दिल्ली में ब्रिक्स स्वास्थ्य कार्य… Read More
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन (ETC) प्रणाली में डेटा की सटीकता… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment