तमिलनाडु प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने एन्नोर क्रीक तेल रिसाव की घटना पर चेन्नई पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड को निर्देश जारी किए हैं। एन्नोर क्रीक और आस-पास के क्षेत्रों में तेल रिसाव से जल प्रदूषित हो गया। यहां रिसाव वाला तेल बाढ़ के पानी के साथ मिलकर आसपास के घरों में जमा हो गया। इसके बाद तमिलनाडु प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों के एक दल ने इन क्षेत्रों का दौरा किया और तेल रिसाव के कारणों की पहचान की।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने रिपोर्ट दी, जिसमें कहा गया था कि तेल रिसाव सीपीसीएल के परिसरों से हुआ और यह रिसाव बकिंघम कैनाल होकर एन्नोर क्रीक पहुंचा। इस रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि सीपीसीएल में बाढ़ जल की निकासी की अपर्याप्त व्यवस्था है।
बोर्ड ने सीपीसीएल को बकिंघम कैनाल, एन्नोर क्रीक और इससे सटे क्षेत्रों के मुख्य स्थानों की पहचान करने को कहा है, जहां रिसाव वाला तेल जल के साथ जमा है। बोर्ड ने इस समस्या से निपटने के लिए युद्धस्तर पर सीपीसीएल को आवश्यक नैदानिक उपाय करने को कहा है। बोर्ड ने सीपीसीएल से कच्चे पदार्थ और उत्पाद ले जाने वाली सभी पाइप-लाइनों तथा तेल भंडारण वाले टैंकों में किसी प्रकार का लीकेज नहीं होने की बात को सुनिश्चित करने को कहा है।
मुख्य सचिव शिव दास मीणा ने तिरुवल्लूर और चेन्नई के जिलाधिकारियों को जिला स्तर के तेल रिसाव संकट प्रबंधन समूह की बैठक करने को कहा है। राज्य तेल रिसाव संकट प्रबंधन समूह को राहत-कार्य के पूर्ण होने तक प्रतिदिन इस मामले की निगरानी करने को कहा गया है।