भारत की पुष्प-कृषि निर्यात क्षमता को बढ़ाने की दिशा में (विशेष रूप से पूर्वोत्तर क्षेत्र -एनईआर से) एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीईडीए) ने मिजोरम के बागवानी विभाग के सहयोग से आइजोल (मिजोरम) से सिंगापुर के लिए एंथुरियम फूलों की पहली खेप को सफलतापूर्वक रवाना किया। हाइब्रिड (फिजिटल) प्रारूप में आयोजित यह कार्यक्रम 26 फरवरी, 2025 को हुआ।
एपीडा के अध्यक्ष श्री अभिषेक देव और बागवानी विभाग, मिजोरम सरकार की विशेष सचिव श्रीमती रामदिनलियानी ने मिजोरम से सिंगापुर के लिए एंथुरियम फूलों की पहली खेप को रवाना किया। इस अवसर पर एपीडा, बागवानी विभाग, मिजोरम सरकार, ज़ो एंथुरियम ग्रोवर्स कोऑपरेटिव सोसाइटी, आईवीसी एग्रोवेट प्राइवेट लिमिटेड और वेज प्रो सिंगापुर प्राइवेट लिमिटेड के अधिकारी उपस्थित रहे।
50 नालीदार बक्सों में पैक किए गए 1,024 एंथुरियम फूलों (वजन 70 किलोग्राम) वाली इस खेप को आईवीसी एग्रोवेट प्राइवेट लिमिटेड ने आइजोल, मिजोरम से कोलकाता के रास्ते सिंगापुर भेजा। फूलों को ज़ो एंथुरियम ग्रोवर्स कोऑपरेटिव सोसाइटी, आइजोल, मिजोरम से प्राप्त किया गया जिसे वेज प्रो सिंगापुर प्राइवेट लिमिटेड ने आयात किया। यह इस क्षेत्र की पुष्प उत्पादन निर्यात यात्रा में एक बड़ी उपलब्धि साबित हुई।
एंथुरियम मिज़ोरम में उगाए जाने वाले सबसे महत्वपूर्ण फूलों में से एक है, जो स्थानीय आर्थिक गतिविधि को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, खासकर महिलाओं सहित किसानों को लाभ पहुंचाता है। फूल की खेती स्थानीय समुदायों के लिए आजीविका और सशक्तिकरण का स्रोत रही है। मिज़ोरम वार्षिक “एंथुरियम महोत्सव” का भी आयोजन करता है, जो पर्यटन को बढ़ावा देता है और फूल की सुंदरता और उसके सजावटी मूल्य को उजागर करता है।
एपीडा ने मिजोरम से सिंगापुर को एंथुरियम फूलों का पहला निर्यात मिजोरम सरकार के सहयोग से 6 दिसंबर, 2024 को आइजोल में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन सह क्रेता-विक्रेता बैठक (आईबीएसएम) की सफलता के बाद किया है। आईबीएसएम में सिंगापुर, यूएई, नेपाल, जॉर्डन, ओमान, अजरबैजान, रूस और इथियोपिया जैसे देशों के नौ अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के साथ-साथ 24 घरेलू निर्यातकों ने भाग लिया। इस आयोजन ने मिजोरम के फूलों के लिए महत्वपूर्ण व्यापार संबंध और बाजार के अवसर स्थापित किए।
वित्त वर्ष 2023-2024 में भारत का पुष्प उत्पादन निर्यात 86.62 मिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया। मिजोरम से सिंगापुर को एंथुरियम फूलों की यह पहली खेप पुष्प उत्पादन निर्यात के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। पूर्वोत्तर क्षेत्र में बागवानी और पुष्प उत्पादों के निर्यात की अपार संभावनाएं हैं। एपीडा निर्यात संवर्धन गतिविधियों और क्षेत्र के विभिन्न हितधारकों के साथ सहयोग के माध्यम से इस क्षमता को धार देने के लिए प्रतिबद्ध है।
कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा) वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के अधीन एक वैधानिक निकाय है। एपीडा का मिशन भारत से कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य उत्पादों के निर्यात को विकसित करना, सुविधा प्रदान करना और बढ़ावा देना है, जिससे वैश्विक खाद्य और पेय उद्योग में देश की स्थिति मजबूत हो।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने लोकसभा को संबोधित किया। प्रधानमंत्री मोदी ने स्वीकार किया कि महत्वपूर्ण… Read More
सरकार ने अधिसूचित किया है कि टाटा सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग प्राइवेट लिमिटेड द्वारा गुजरात के धोलेरा… Read More
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों का फोन आया। बातचीत के दौरान,… Read More
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान परमाणु हथियार बनाने में… Read More
ऑस्ट्रिया के फेडरल चांसलर डॉ. क्रिश्चियन स्टॉकर ने राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से… Read More
भारत के राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने गुरुवार को उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment