Categories: News-Headlines

सरकार, राज्यों में कपड़ा उद्योग के लिए सस्ती जमीन तथा बिजली जैसी बुनियादी सुविधाएं प्रदान करने के लिए कपड़ा पीएलआई का सहयोग करेगी: पीयूष गोयल

केंद्रीय वस्त्र, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने आज दिल्ली में भारतीय तकनीकी वस्त्र संघ (आईटीटीए) के प्रतिनिधियों से बात करते हुए कहा कि तीन वर्षों में तकनीकी वस्त्रों के निर्यात में पांच गुना वृद्धि का लक्ष्य रखा गया है। उन्‍होंने कहा कि केंद्र, राज्यों में कपड़ा क्षेत्र के लिए उत्पादन से जुड़े प्रोत्साहन (पीएलआई) का समर्थन करेगा और कपड़ा निर्माण के लिए सस्ती जमीन तथा बिजली जैसे सस्ते बुनियादी ढांचे की पेशकश करेगा।

पीयूष गोयल ने कहा कि हमें वस्त्र निर्माण में सर्वोत्तम मानकों के अनुरूप काम करना चाहिए। अंतर्राष्‍ट्रीय और घरेलू उपभोक्ताओं के लिए वस्त्र की गुणवत्ता में कोई अंतर नहीं होना चाहिए। उन्‍होंने तकनीकी वस्त्रों में अनुसंधान और विकास में सरकारी धन के उपयोग में सार्वजनिक निजी भागीदारी का सुझाव दिया।

उन्होंने कहा कि भारत में तकनीकी वस्त्रों के विकास ने पिछले 5 वर्षों में गति प्राप्त की है, जो वर्तमान में आठ प्रतिशत प्रति वर्ष की दर से बढ़ रही है। हमारा लक्ष्य अगले 5 वर्षों के दौरान इस वृद्धि को 15-20 प्रतिशत तक ले जाने का है।

पीयूष गोयल ने कहा कि वर्तमान वैश्विक बाजार 250 अरब डॉलर (18 लाख करोड़) का है और इसमें भारत की हिस्सेदारी 19 अरब डॉलर है। भारत (8 प्रतिशत हिस्सेदारी) इस बाजार में 40 अरब डालर के साथ एक महत्वाकांक्षी भागीदार है। इसमें सबसे बड़े भागीदार अमेरिका, पश्चिमी यूरोप, चीन और जापान (20 – 40 प्रतिशत की साझेदारी) हैं। उन्होंने कहा कि सांख्यिकीय दृष्टि से विकास के अलावा, हम विकास को उच्च प्रौद्योगिकी और स्वदेशी रूप से नवोन्मेषी उत्पादों की ओर ले जाएंगे।

उन्होंने आगे उल्लेख किया कि इन उद्देश्यों को ध्यान में रखते हुए, सरकार ने भारत को दुनिया में एक आत्मनिर्भर, जीवंत, निर्यात उन्मुख अर्थव्यवस्था बनाने के उद्देश्य से फरवरी 2020 में राष्ट्रीय तकनीकी वस्त्र मिशन शुरू किया।

उन्होंने कहा, “हमारा उद्देश्य उच्च शिक्षा और कुशल कार्यबल पर जोर देने के साथ प्रमुख क्षेत्रों (कृषि, सड़क एवं रेलवे, जल संसाधन, स्वच्छता एवं स्वास्थ्य देखभाल, व्यक्तिगत सुरक्षा) में भारत को नवाचारों, प्रौद्योगिकी विकास, अनुप्रयोगों में एक प्रमुख भागीदार बनाना है।”

पीयूष गोयल ने बताया कि जनवरी 2019 में भारत में पहली बार तकनीकी वस्त्र के लिए 207 एचएसएन कोड जारी किए गए और दो साल से भी कम समय में भारत तकनीकी वस्त्र का शुद्ध निर्यातक बन गया है।

उन्होंने कहा कि व्यापार संतुलन पहले 2018-19 में नकारात्मक (-2788 करोड़ रुपये) और 2019-20 में (- 1366 करोड़ रुपये) हुआ करता था, जो 2020-21 में 1767 करोड़ रुपये के साथ सकारात्मक हो गया है। वर्ष 2020-21 के दौरान, भारत के निर्यात का प्रमुख हिस्सा पीपीई, एन-95 और सर्जिकल मास्क, पीपीई के लिए कपड़े और मास्क का रहा है।

तकनीकी वस्त्रों को बढ़ावा देने के लिए सरकार द्वारा किए गए प्रयासों के बारे में बात करते हुए उन्‍होंने बताया कि कृषि/बागवानी, राजमार्ग, रेलवे, जल संसाधन, चिकित्सा अनुप्रयोगों को कवर करने वाले सरकारी संगठनों के उपयोग के लिए 92 वस्तुओं को अनिवार्य कर दिया गया है। इससे संबंधित 9 मंत्रालयों ने निर्देश जारी किए हैं। पीयूष गोयल ने कहा कि बीआईएस ने 377 वस्तुओं के लिए भारतीय मानक जारी किए हैं और लगभग 100 पाइपलाइन में हैं। उन्होंने कहा कि छह नए पाठ्यक्रमों की शुरुआत के साथ तकनीकी वस्त्रों में कौशल विकास शुरू हुआ और 20 अन्य नए पाठ्यक्रम तैयार किए जा रहे हैं।

यह ध्यान दिया जा सकता है कि तकनीकी वस्त्र, वस्‍त्र हैं,जिन्हें विशिष्ट अनुप्रयोगों के लिए उपयुक्त वांछित आउटपुट देने के लिए बनाया जाता है। मूल कच्चा माल जूट, रेशम और कपास जैसे प्राकृतिक रेशे हैं, लेकिन, अधिकांश अनुप्रयोग मानव निर्मित फाइबर का उपयोग करते हैं: पॉलिमर (अरामिड, नायलॉन), कार्बन, कांच और धातु। तकनीकी वस्त्र भविष्य की तकनीक हैं। यह अगली तकनीकी क्रांति होने जा रही है जो हमारे जीने और सोचने के तरीके को पूरी तरह से बदल देगी।

उनके अनुप्रयोगों के क्षेत्र के आधार पर, भारत में तकनीकी वस्त्र खंड को 12 उप-खंडों में विभाजित किया गया है। पैकेजिंग टेक्सटाइल्स (पैकटेक) (38%), जियोटेक्निकल टेक्सटाइल्स (जियो-टेक) (10%), एग्रीकल्चरल टेक्सटाइल्स (एग्रोटेक) (12%) में भारत की प्रमुख उपस्थिति है। नई सामग्री के आगमन के साथ तकनीकी वस्त्रों के अनुप्रयोग दिन-ब-दिन व्यापक होते जा रहे हैं। स्मार्ट वस्त्रों में किए गए नए आविष्कारों के साथ; 3-डी वीविंग, हेल्थ मॉनिटरिंग के लिए स्मार्ट वियर और अल्ट्रा-हाई परफॉर्मिंग स्पोर्ट्सवियर नए रास्ते खोल रहे हैं जो कुछ साल पहले अकल्पनीय थे।

भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों को अनुसंधान परियोजनाएं प्रदान की गई हैं। अनुसंधान के विषयों में अत्याधुनिक तकनीक शामिल हैं जैसे; स्वदेशी कार्बन फाइबर, कार्बन कंपोजिट से इलेक्ट्रिक वाहन बॉडी, अल्ट्रा स्ट्रेंथ बुलेट प्रूफ जैकेट सामग्री, तकनीकी वस्त्रों के उपयोग के माध्यम से फॉग हार्वेस्टिंग, बायो ऑर्गनिज्म के लिए अत्यधिक सुरक्षा आदि।

तकनीकी वस्त्रों में अनुसंधान, नवाचार और विकास समिति (प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार, नीति आयोग के सदस्य (एस एंड टी) सह-अध्यक्षता में) ने अब तक 36 प्रस्तावों पर विचार किया है और 20 प्रस्तावों की सिफारिश की है। समिति की आगामी बैठकों में चर्चा के लिए लगभग 40 और शोध प्रस्ताव विचाराधीन हैं।

आईटीटीए तकनीकी वस्त्र विनिर्माण के छोटे और मध्यम खंड का एक संघ है। उनके 90% सदस्यों का वार्षिक कारोबार 100 करोड़ रुपये से कम है। आईटीटीए के सदस्य ज्यादातर गैर-बुने हुए कपड़े, सुरक्षात्मक वस्त्र, पैकेजिंग तकनीकी वस्त्र, कृषि-वस्त्र, औद्योगिक फिल्टर, वाहक पट्टा के निर्माण कार्य में लगे हुए हैं।

गारवेयर, वेलस्पन, एसआरएफ, सेंचुरी यार्न, जॉनसन एंड जॉनसन आदि जैसे बड़े तकनीकी वस्त्र निर्माता (500 करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार करने वाला) आईटीटीए से जुड़े नहीं हैं। वस्त्र मंत्रालय अपने अधिकांश नीति निर्माण, कार्यक्रमों में आईटीटीए से परामर्श करता है और उन्हें नियमित रूप से कार्य सौंपता है।

Leave a Comment

Recent Posts

National Film Awards 2026: ‘आर्टिकल 370’ बनी सर्वश्रेष्ठ फिल्म, कार्तिक आर्यन और ममूटी को मिला बेस्ट एक्टर अवॉर्ड

National Film Awards 2026: ‘आर्टिकल 370’ बनी सर्वश्रेष्ठ फिल्म, कार्तिक आर्यन और ममूटी को मिला… Read More

6 hours ago

RBI ने पॉलिमर नोटों की दिशा में बढ़ाया कदम, ₹10 और ₹20 के नोटों से हो सकती है शुरुआत

RBI ने पॉलिमर नोटों की दिशा में बढ़ाया कदम, ₹10 और ₹20 के नोटों से… Read More

7 hours ago

AIBE 21 (XXI) 2026: बार काउंसिल जल्द जारी कर सकती है नोटिफिकेशन, जानें रजिस्ट्रेशन और परीक्षा से जुड़ी अहम बातें

AIBE 21 (XXI) 2026: बार काउंसिल जल्द जारी कर सकती है नोटिफिकेशन, जानें रजिस्ट्रेशन और… Read More

9 hours ago

Skyroot Aerospace ने अंतरिक्ष मिशनों को दी नई रफ्तार, निजी स्पेस सेक्टर में भारत की बढ़ी ताकत

Skyroot Aerospace ने अंतरिक्ष मिशनों को दी नई रफ्तार, निजी स्पेस सेक्टर में भारत की… Read More

10 hours ago

Kal Ka Rashifal 19 July 2026: चंद्रमा के राशि परिवर्तन से बदलेगा दिन, जानें मेष से मीन तक सभी 12 राशियों का राशिफल

Kal Ka Rashifal 19 July 2026: चंद्रमा के राशि परिवर्तन से बदलेगा दिन, जानें मेष… Read More

11 hours ago

भारत बनाम इंग्लैंड दूसरा वनडे: जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी से इंग्लैंड की शानदार जीत, सीरीज 1-1 से बराबर

भारत बनाम इंग्लैंड दूसरा वनडे: जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी से इंग्लैंड… Read More

1 day ago

This website uses cookies.