प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने आज नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता गठबंधन (ICA) के अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता सम्मेलन – 2024 का उद्घाटन किया। प्रधानमंत्री मोदी ने संयुक्त राष्ट्र अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष 2025 का शुभारंभ और स्मारक डाक टिकट भी जारी किया। इस अवसर पर केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह, भूटान के प्रधानमंत्री, फ़िजी के उप-प्रधानमंत्री, अध्यक्ष, ICA और सचिव, सहकारिता मंत्रालय सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
इस अवसर पर अपने संबोधन में केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र द्वारा 2025 को अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष के रूप में मनाने का फैसला दुनिया भर के करोड़ों गरीबों और किसानों के लिए आशीर्वाद सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री मोदी द्वारा अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष-2024 का उद्घाटन और ICA के अतंर्राष्ट्रीय सहकारिता सम्मेलन का भारत में आयोजन स्वागत योग्य है।
अमित शाह ने कहा कि तीन साल पहले ही प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने ‘सहकार से समृद्धि’ के संकल्प के माध्यम से लाखों गांवों, करोड़ों महिलाओं और किसानों की समृधि का रास्ता खोला। उन्होंने कहा कि तीन साल में भारत के सहकारिता क्षेत्र में कई नई गतिविधियां हुई हैं और आज़ादी के 75 साल बाद भारत के सहकारिता आंदोलन का पुनर्जन्म हुआ है और इसमें एक नया जोश आया है।
केन्द्रीय सहकारिता मंत्री ने कहा कि 2 लाख नई प्राथमिक कृषि ऋण समितियों (PACS) के माध्यम से 3 साल बाद भारत में एक भी गांव ऐसा नहीं रहेगा जहां कोई सहकारी संस्था न हो। उन्होंने कहा कि PACS को आधुनिक, तकनीकयुक्त बनाने और आर्थिक रूप से viable बनाने के लिए भी कई फैसले किए गए हैं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर बनाई गई तीन नई सहकारी कोऑपरेटिव्स के माध्यम से भारत का किसान न सिर्फ देश बल्कि पूरी दुनिया के बाज़ार तक अपनी पहुंच को बढ़ा सकेगा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सहकारी निर्यात लिमिटेड (NCEL), भारतीय राष्ट्रीय सहकारी ऑर्गेनिक्स लिमिटेड (NCOL) और भारतीय बीज सहकारी समिति लिमिटेड (BBSSL) आने वाले दिनों में किसानों की सहभागिता दुनिया के व्यापार में तो बढ़ाएंगी ही, साथ ही पूरी दुनिया की सहकारी संस्थाओं को प्रेरणा देने का काम भी करेगी कि किस प्रकार से छोटा सा किसान पूरी दुनिया के बाज़ारों तक पहुंच सकता है। अमित शाह ने कहा कि IFFCO, KRIBHCO और अमूल ने सहकारिता के क्षेत्र में पूरी दुनिया में उदाहरण पेश किया है और इसी प्रकार ये तीनों कोऑपरेटिव्स भी दुनिया के सहकारिता क्षेत्र में काम करने वाले लोगों का मार्गदर्शन करेंगी।
अमित शाह ने कहा कि तीन साल पहले नए सहकारिता मंत्रालय के गठन के बाद सहकारिता क्षेत्र के पूरे कानूनी ढांचे का सुदृढ़ीकरण हुआ है, श्वेत क्रांति 2.0 और नीली क्रांति की शुरुआत भी हुई है जिसमें सहकारिता का रोल बहुत अहम है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में सहकारिता के समग्र विकास के लिए पिछले तीन साल में आमूलचूल परिवर्तन हुए हैं। अमित शाह ने कहा कि आने वाले दिनों में हम सहकारिता विश्वविद्यालय भी बनाने जा रहे हैं, जिसके माध्यम से प्रशिक्षित और तकनीक से युक्त मानव संसाधन का निर्माण होगा। उन्होंने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष’ में नई सहकारी नीति लाकर मोदी सरकार भारत के सहकारी आंदोलन को नई दिशा देने का काम करेगी।
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने कहा कि सहकारिता की पहुंच बढ़ाने के लिए भारत सरकार हर गांव और किसान को सहकारिता से जोड़ने के प्रति कटिबद्ध है। उन्होंने कहा कि कई नए क्षेत्र तलाशकर कोऑपेरिटव की पहुंच बढ़ाने के भी कई प्रयास किए गए हैं। अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी के मार्गदर्शन में हर व्यक्ति और क्षेत्र तक कोऑपरेटिव को पहुंचाने के लिए इन तीन साल में बहुत काम किया गया है। उन्होंने कहा कि गावों, किसानों, महिलाओं और गरीबों के सशक्तिकरण के लिए सहकारिता आंदोलन ने कई रास्ते खोले हैं और इसके माध्यम से आने वाले दिनों में प्रधानमंत्री मोदी जी द्वारा दिए गए ‘सहकार से समृद्धि’ के लक्ष्य को हम प्राप्त कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के करकमलों से शुरू होने वाला सहकारिता वर्ष दुनियाभर के करोड़ों गरीबों, किसानों और महिलाओं के सशक्तिकरण और सम्मान से जीने का रास्ता खोलेगा।
भारत बनाम इंग्लैंड दूसरा वनडे: जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी से इंग्लैंड… Read More
ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम की बड़ी चुनौती, नए सीजन में जीत की लय बरकरार रखने पर… Read More
प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना को बड़ी सौगात, 12 राज्यों को ₹10,021 करोड़ जारी नई दिल्ली:… Read More
बांग्लादेश बनाम जिम्बाब्वे: दूसरे टी20 में सीरीज बचाने उतरेगा बांग्लादेश, जिम्बाब्वे की नजर सीरीज जीत… Read More
पेट्रोल-डीजल की कीमतों को नियंत्रित करने के लिए मूल्य स्थिरीकरण कोष के इस्तेमाल की मांग… Read More
दिल्ली MCD वार्ड समिति चुनाव में BJP का शानदार प्रदर्शन, कई जोन में AAP को… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment