कांग्रेस सांसद कार्ति पी चिदंबरम आज नई दिल्ली में 2011 में करीब 263 चीन के नागरिकों को वीजा जारी किये जाने में हुई अनियमितताओं से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय के समक्ष उपस्थित हुए। निदेशालय धनशोधन अधिनियम के अंतर्गत हो रही जांच के सिलसिले में कार्ति चिदंबरम को पहले भी दो बार बुला चुकी है। लेकिन उन्होंने प्रवर्तन निदेशालय के सम्मन का उल्लंघन करते हुए इसे गलत बताया था।
आरोप है कि वेदांत समूह की कंपनी तलवंडी साबो पावर लिमिटेड (टीएसपीएल) के एक शीर्ष अधिकारी ने कार्ति और उनके करीबी सहयोगी एस भास्कर रमन को रिश्वत के रूप में 50 लाख रुपये का भुगतान किया था। यह कम्पनी पंजाब में एक बिजली संयंत्र लगा रही थी।
केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की एफआईआर के माध्यम ये खुलासे किए गए थे, जिसके आधार पर मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज किया गया था।
सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय ने लॉजिस्टिक्स दक्षता बढ़ाने और इस क्षेत्र के लिए… Read More
सरकार ने वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान 55,200 से अधिक स्टार्टअप को मान्यता दी है,… Read More
एनआईसीडीसी लॉजिस्टिक्स डेटा सर्विसेज लिमिटेड (NLDSL) और महाराष्ट्र सरकार ने एकीकृत लॉजिस्टिक्स इंटरफेस प्लेटफॉर्म का… Read More
गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि संविधान में परिसीमन के प्रावधान किए गए हैं… Read More
पर्यावरण स्थिरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, कांकरिया कोचिंग डिपो एक वॉटर… Read More
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बताया कि संसद में इस समय नारी शक्ति वंदन अधिनियम में… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment